{"_id":"578ce52b4f1c1b9d32c4c008","slug":"government-strict-adminstration-lazy","type":"story","status":"publish","title_hn":"डग्गामार वाहनों पर शासन सख्त, प्रशासन सुस्त","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
डग्गामार वाहनों पर शासन सख्त, प्रशासन सुस्त
अमर उजाला ब्यूरो/गोरखपुर।
Updated Mon, 18 Jul 2016 07:48 PM IST
विज्ञापन
रेलवे स्टेशन पर ट्रैवलरों की जारी है डग्गामारी।
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
डग्गामार वाहनों पर कार्रवाई को लेकर जहां शासन ने सख्त रुख अख्तियार किया है वहीं प्रशासन अभी भी सुस्त पड़ा है। आलम यह है कि रेलवे स्टेशन पुलिस चौकी के बगल से चलने वाले ट्रैवलरों की संख्या 33 से बढ़कर 44 पहुंच गई है। ये रिपोर्ट गोरखपुर डिपो के पूर्व एआरएम महेश चंद द्वारा तैयार किया गया है। वहीं मुख्य सचिव दीपक सिंघल ने गोरखपुर के जिलाधिकारी से डग्गामार वाहनों की सूची मांगी है।
पुलिस की सरपरस्ती में रेलवे स्टेशन पुलिस चौकी के बगल से चल रहे ट्रैवलरों से रोडवेज को हर महीने डेढ़ करोड़ रुपये का नुकसान उठाना पड़ रहा है। गोरखपुर डिपो के पूर्व एआरएम महेश चंद ने 33 ट्रैवलरों की सूची बनाकर कमिश्नर, डीएम और एसएसपी को पत्र भेजा था। इसके बाद परिवहन विभाग की तरफ से अभियान चलाकर इन पर अंकुश भी लगाया था। कुछ दिनों तक ट्रैवलरों का संचालन बंद रहा लेकिन एक बार फिर बेखौफ होकर ट्रैवलरों का संचालन शुरू हो गया है। अब तो इनकी संख्या में इजाफा भी हो गया है।
वर्तमान समय में रेलवे स्टेशन से तकरीबन 44 ट्रैवलरों का संचालन हो रहा है। मजे की बात यह है कि परिवहन विभाग की चेकिंग टीम का भी इन संचालकों पर कोई असर नहीं है। जबकि शासन स्तर से डग्गामार वाहनों के खिलाफ कार्रवाई का सख्त निर्देश भी दिया गया है।
विज्ञापन
ट्रैवलरों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है। मुख्य सचिव का आदेश मिलने के बाद चेकिंग टीम को अभियान चलाने का निर्देश दे दिया गया है।
- डॉ. एके गुप्ता, आरटीओ प्रवर्तन
विज्ञापन
पुलिस की सरपरस्ती में रेलवे स्टेशन पुलिस चौकी के बगल से चल रहे ट्रैवलरों से रोडवेज को हर महीने डेढ़ करोड़ रुपये का नुकसान उठाना पड़ रहा है। गोरखपुर डिपो के पूर्व एआरएम महेश चंद ने 33 ट्रैवलरों की सूची बनाकर कमिश्नर, डीएम और एसएसपी को पत्र भेजा था। इसके बाद परिवहन विभाग की तरफ से अभियान चलाकर इन पर अंकुश भी लगाया था। कुछ दिनों तक ट्रैवलरों का संचालन बंद रहा लेकिन एक बार फिर बेखौफ होकर ट्रैवलरों का संचालन शुरू हो गया है। अब तो इनकी संख्या में इजाफा भी हो गया है।
विज्ञापन
वर्तमान समय में रेलवे स्टेशन से तकरीबन 44 ट्रैवलरों का संचालन हो रहा है। मजे की बात यह है कि परिवहन विभाग की चेकिंग टीम का भी इन संचालकों पर कोई असर नहीं है। जबकि शासन स्तर से डग्गामार वाहनों के खिलाफ कार्रवाई का सख्त निर्देश भी दिया गया है।
विज्ञापन
ट्रैवलरों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है। मुख्य सचिव का आदेश मिलने के बाद चेकिंग टीम को अभियान चलाने का निर्देश दे दिया गया है।
- डॉ. एके गुप्ता, आरटीओ प्रवर्तन