यूपी के चार लाख पटरी व्यवसायियों का होगा पुनर्वास, पेंशन भी मिलेगी : योगी
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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि यूपी के चार लाख पटरी व्यवसायियों का पुनर्वास किया जाएगा। साथ ही पेंशन देने की व्यवस्था होगी। इसका खाका तैयार किया जा चुका है। गोरखपुर में नौ हजार पटरी व्यवसायियों का पुनर्वास किया जाना है। इसकी जिम्मेदारी नगर निगम, जीडीए और प्रशासन को दी गई है। पंजीकरण का काम भी चल रहा है।
दो दिवसीय दौरे के आखिरी दिन मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नौसड़ रोडवेज बस स्टेशन का लोकार्पण किया, फिर भौवापार मंदिर गए। मंदिर के सुंदरीकरण के साथ ही अन्य विकास कार्यों का शिलान्यास, लोकार्पण के बाद मुख्यमंत्री ने जनसभा को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि धार्मिक स्थल आस्था के साथ राष्ट्रीय एकात्मवाद के प्रतीक हैं। यूपी के हर विधानसभा क्षेत्र में ऐसे दो धार्मिक स्थलों को पर्यटन के रूप में विकसित किया जाएगा। यह काम सबका साथ, सबका विकास और सबका विश्वास की नीति पर होगा। कोई भी धार्मिक स्थल होगा, उसका सुंदरीकरण कराया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने जनता से सीधा संवाद किया और कहा कि सरकार की प्राथमिकता गुणवत्तापरक विकास है। यदि सरकारी कार्यों में किसी तरह की कमी दिखे तो तत्काल शासन या फिर प्रशासन को अवगत कराएं। इसपर कड़ी कार्रवाई होगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत महाशक्ति के रूप में आगे बढ़ रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अगुवाई में शासन की सभी योजनाओं का लाभ बिना किसी भेदभाव के गरीबों तक पहुंचाया जा रहा है। केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के नेतृत्व ने पारदर्शिता और विकास की राजनीति को गति दी है। इसका नतीजा है कि भाजपा दुनिया की सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है।
गोरखपुर में दौड़ेंगी इलेक्ट्रिक बसें
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि गोरखपुर सहित यूपी के 10 महानगरों में जल्द ही इलेक्ट्रिक बसें चलाई जाएंगी। इसकी तैयारी चल रही है। गोरखपुरवासियों को जाम से निजात दिलाने की कवायद भी चल रही है। नौसड़ बस स्टेशन बनकर तैयार हो गया। अब वाराणसी रूट की बसें नौसड़ से मिल जाएंगी। शहर के अंदर जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। मोहरीपुर में नया बस स्टेशन बनाने का फैसला किया गया है। इससे सिद्धार्थनगर और सोनौली रूट की बसों का आवागमन आसान हो जाएगा। इससे जाम की समस्या कम होगी। गोरखपुर के चारों तरफ से रोडवेज स्टेशन स्थापित कराए जाएंगे।
सड़क दुर्घटना पर चिंता, सतर्कता की सलाह
मुख्यमंत्री ने सड़क दुर्घटनाओं पर चिंता व्यक्त की और कहा कि कार से सड़क पर निकलें तो सीट बेल्ट जरूर लगाएं। कार की गति धीमी रहनी चाहिए। बाइक से चलें तो हेलमेट जरूर लगा लें। कार में काले शीशे लगाकर कतई न चलें। दुर्घटना से बचने के लिए यातायात नियमों का पालन हर हाल में जरूरी है।
साहब, चार बार जनता दरबार में आया, पर हुआ कुछ नहीं
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार को हिंदू सेवाश्रम में जनता दरबार लगाया और 250 फरियादियों को सुना। जनता दरबार में कई फरियादी ऐसे भी आए, जो पहले भी चार-पांच बार आ चुके हैं, पर उनकी समस्या का समाधान नहीं हुआ। मुख्यमंत्री ने समस्या समाधान अधिकारी से कहा कि सभी मामलों को गंभीरता से देखें। संबंधित अधिकारियों से बात कर मामले का जल्दी से जल्दी हल कराएं।
नाबालिग को थाने में किया बंद
महराजगंज जिले के परसा मलिक थाना क्षेत्र के निपनियां गांव निवासी फूला देवी ने शिकायत की कि गांव के एक व्यक्ति से उनका रास्ते का विवाद है। वह पुलिस का खास है। उसने उन लोगों को मारा पीटा, विरोध करने पर उन लोगों के खिलाफ फर्जी मुकदमा दर्ज करा दिया। पुलिस ने महिलाओं को पीटा तथा नाबालिग बेटे धर्मवारी के थाने में बंद करा दिया। फूला देवी के साथ आए बेटे ने बताया कि वह मां के साथ चार-पांच बार मुख्यमंत्री के दरबार में शिकायत कर चुका है, लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है।।
संतकबीरनगर जिले के धनघटा थाना क्षेत्र के छितौनी गांव निवासी अशोक कुमार यादव ने मुख्यमंत्री से शिकायत किया कि उनके गांव में ग्रामसमाज की गड़ही पर कुछ लोग अवैध निर्माण करा रहे हैं। विरोध करने पर फौजदारी पर उतारू हो जा रहे हैं। महानगर के उत्तरी आर्यनगर निवासी मीना देवी ने बताया कि आर्यनगर उत्तरी कुर्मियान टोला की निवासी है। प्रधानमंत्री आवास उसे मिला हुआ है। पिलर निर्माण भी हो चुका है। उनके पड़ोसी अब कार्य रोक रहे हैं। मामला न्यायालय में गया पर न्यायालय ने निर्माण कार्य रोकने का कोई आदेश नहीं दिया है। बावजूद पुलिस काम नहीं होने दे रही है।
नौकरी दिलाने के नाम हड़पा डेढ़ करोड़
चौरी चौरा थाना क्षेत्र के गौनर गांव निवासी रामकरन पाल ने शिकायती पत्र में कहा है कि दिल्ली के रहने वाले मनीष फोनिया नामक व्यक्ति ने बिस्मिल पार्क के पास एक आफिस खोला था। जिसका नाम था मर्चेंट नेवी सेंट्रल एकेडमी। वह मर्चेंट नेवी में नौकरी दिलाने की बात कहता था। उसने उनके अलावा, पवन, रितेश, कपिल, रामकरन, लवकेश, सतविंदर, अविनशा विशाल से करीब डेढ़ करोड़ रुपये ले लिया और फरार हो गया। रामकरन ने कहा कि अपना रुपया बैंक से उसके खाते में ट्रांसफर किये है। उसकी रसीद भी है। आफिस बंद कर भागने के बाद उसकी शिकायत उन लोगों ने कैंट थाने में की, पर पुलिस ने कोई सुनवाई नहीं की। थक कर वह मुख्यमंत्री से शिकायत करने आए हैं।