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अभियान खत्म, शहर में फिर हुआ अतिक्रमण
Gorakhpur
Updated Thu, 02 Jan 2014 05:43 AM IST
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गोरखपुर। नवंबर महीने के अंतिम दिनों में शुरू हुआ अतिक्रमण हटाने का अभियान दिसंबर महीने के पहले सप्ताह तक चला। एक महीने से कम का समय बीता है और पूरे शहर की वही स्थिति हो गई है, जो अतिक्रमण हटाने के पहले थी। शहर के सभी प्रमुख बाजारों में पहले जैसा ही अतिक्रमण हो गया है।
अभी करीब एक पखवाड़ा पहले नगर निगम की ओर से शहर के विभिन्न इलाकों में अतिक्रमण हटाया गया। निगम प्रशासन का दावा है कि पूरे अभियान के दौरान अतिक्रमण हटाने की वीडियोग्राफी और फोटोग्राफी की गई। फोटोग्राफ और सीडी शासन को भेजी गई है। निगम प्रशासन का कहना है कि नगर निगम द्वारा जहां से अतिक्रमण हटा दिया गया है उन स्थानों पर फिर से अतिक्रमण न हो इसकी जिम्मेदारी संबंधित थाने की है। इसके बावजूद शहर के हर इलाकों में अतिक्रमण हो गया है। बैंक रोड से विजय चौराहा होते हुए गणेश चौराहा तक फिर से दुकानें सज गई हैं। थोड़ा आगे बढ़ने के बाद दोनों सड़क पर दोनों तरफ अतिक्रमण है। गणेश चौराहा से बलदेव प्लाजा होते हुए कचहरी चौराहा तक की भी वैसी स्थिति है। सड़क के दोनों तरफ पटरी पर दुकानें सज गई हैं। यहां तक कि फुटपाथ पर भी दुकानें सजने लगी है। अभियान कचहरी चौराहा, अग्रसेन चौराहा, बैंक रोड, विजय चौराहा, बक्शीपुर चौक, आर्यनगर चौक, गणेश चौराहे से यूनिवर्सिटी चौराहे, धर्मशाला चौराहा से गोरखनाथ मंदिर तक समेत कई इलाकों में चला, लेकिन हर इलाके में स्थिति अब पहले जैसी हो गई है।
‘अतिक्रमण हटाने की प्रक्रिया की फोटो और वीडियोग्राफी की सीडी पुलिस प्रशासन को भेजने के अलावा शासन को भी भेजी जा रही है। अतिक्रमण हटाए जाने के बाद फिर से अतिक्रमण नहीं लगने देने की जिम्मेदारी संबंधित क्षेत्र के थाना की है। जनवरी माह के शुरुआत में फिर से अतिक्रमण हटाने का अभियान शुरू किया जाएगा।’
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राजेश कुमार त्यागी, नगर आयुक्त
अभी तक नहीं हटे टेलीफोन
गोरखपुर। नगर निगम की ओर से अभी तक यातायात में बाधक बने टेलीफोन बूथों को नहीं हटाया गया है। नगर निगम ने शहर के विभिन्न इलाकों में टेलीफोन बूथ के लिए जगह आवंटित किया था। सड़कें चौड़ी होने के साथ ये दुकानें सड़क के बीचोबीच आ गई हैं। शहर में निगम की ऐसी सात दुकानें हैं। इनमें काली मंदिर के सामने, मोहद्दीपुर, महिला अस्पताल के सामने, बक्शीपुर, दुर्गाबाड़ी, गणेश होटल के पास, बैंक रोड स्थित दुकानें शामिल हैं।
जहां हुई पुलिस कार्रवाई वहां दिख रहा असर
गोरखपुर। नगर निगम की ओर से रुस्तमपुर ढाला से आजाद चौक तक अतिक्रमण हटाया गया। कुछ दिन बाद फिर से दुकानदारों ने अतिक्रमण कर लिया। इसके बाद पुलिस ने पहली बार अतिक्रमण करने वालों के खिलाफ चालान किया तो यहां की स्थिति सुधर गई है। अब यह सड़क काफी चौड़ी नजर आती है। ठेला सजाने वाले दुकानदार नाले के पार अपनी दुकान लगाने लगे हैं। हालांकि कुछ दुकानदार अपने दुकानों के आगे अपने सामानों को सड़क तक अब भी पहुंचा दे रहे हैं।
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अभी करीब एक पखवाड़ा पहले नगर निगम की ओर से शहर के विभिन्न इलाकों में अतिक्रमण हटाया गया। निगम प्रशासन का दावा है कि पूरे अभियान के दौरान अतिक्रमण हटाने की वीडियोग्राफी और फोटोग्राफी की गई। फोटोग्राफ और सीडी शासन को भेजी गई है। निगम प्रशासन का कहना है कि नगर निगम द्वारा जहां से अतिक्रमण हटा दिया गया है उन स्थानों पर फिर से अतिक्रमण न हो इसकी जिम्मेदारी संबंधित थाने की है। इसके बावजूद शहर के हर इलाकों में अतिक्रमण हो गया है। बैंक रोड से विजय चौराहा होते हुए गणेश चौराहा तक फिर से दुकानें सज गई हैं। थोड़ा आगे बढ़ने के बाद दोनों सड़क पर दोनों तरफ अतिक्रमण है। गणेश चौराहा से बलदेव प्लाजा होते हुए कचहरी चौराहा तक की भी वैसी स्थिति है। सड़क के दोनों तरफ पटरी पर दुकानें सज गई हैं। यहां तक कि फुटपाथ पर भी दुकानें सजने लगी है। अभियान कचहरी चौराहा, अग्रसेन चौराहा, बैंक रोड, विजय चौराहा, बक्शीपुर चौक, आर्यनगर चौक, गणेश चौराहे से यूनिवर्सिटी चौराहे, धर्मशाला चौराहा से गोरखनाथ मंदिर तक समेत कई इलाकों में चला, लेकिन हर इलाके में स्थिति अब पहले जैसी हो गई है।
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‘अतिक्रमण हटाने की प्रक्रिया की फोटो और वीडियोग्राफी की सीडी पुलिस प्रशासन को भेजने के अलावा शासन को भी भेजी जा रही है। अतिक्रमण हटाए जाने के बाद फिर से अतिक्रमण नहीं लगने देने की जिम्मेदारी संबंधित क्षेत्र के थाना की है। जनवरी माह के शुरुआत में फिर से अतिक्रमण हटाने का अभियान शुरू किया जाएगा।’
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राजेश कुमार त्यागी, नगर आयुक्त
अभी तक नहीं हटे टेलीफोन
गोरखपुर। नगर निगम की ओर से अभी तक यातायात में बाधक बने टेलीफोन बूथों को नहीं हटाया गया है। नगर निगम ने शहर के विभिन्न इलाकों में टेलीफोन बूथ के लिए जगह आवंटित किया था। सड़कें चौड़ी होने के साथ ये दुकानें सड़क के बीचोबीच आ गई हैं। शहर में निगम की ऐसी सात दुकानें हैं। इनमें काली मंदिर के सामने, मोहद्दीपुर, महिला अस्पताल के सामने, बक्शीपुर, दुर्गाबाड़ी, गणेश होटल के पास, बैंक रोड स्थित दुकानें शामिल हैं।
जहां हुई पुलिस कार्रवाई वहां दिख रहा असर
गोरखपुर। नगर निगम की ओर से रुस्तमपुर ढाला से आजाद चौक तक अतिक्रमण हटाया गया। कुछ दिन बाद फिर से दुकानदारों ने अतिक्रमण कर लिया। इसके बाद पुलिस ने पहली बार अतिक्रमण करने वालों के खिलाफ चालान किया तो यहां की स्थिति सुधर गई है। अब यह सड़क काफी चौड़ी नजर आती है। ठेला सजाने वाले दुकानदार नाले के पार अपनी दुकान लगाने लगे हैं। हालांकि कुछ दुकानदार अपने दुकानों के आगे अपने सामानों को सड़क तक अब भी पहुंचा दे रहे हैं।