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बीएसए दफ्तर हंगामा
Updated Sat, 15 Jul 2017 10:19 PM IST
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गोरखपुर।
परिषदीय स्कूलों से निकाली गईं रसोईयों ने शनिवार को बीएसए दफ्तर का घेराव कर जमकर हंगामा किया। वे नया सत्र शुरू होने के साथ ही वापसी की मांग कर रही थीं। बीएसए दफ्तर की सूचना पर पहुंची पुलिस ने समझा-बुझाकर उन्हें शांत कराया। पुलिस की मौजूदगी में ही प्रभारी बीएसए ब्रह्मचारी शर्मा, एमडीएम प्रभारी दीपक पटेल ने आश्वासन दिया, जिसके बाद रसोईयां वहां से हटीं।
शनिवार दोपहर 12 बजे के करीब रसोईयों का हुजूम बीएसए दफ्तर पहुंच गया। वे खुद को निकाले जाने का कारण पूछते हुए हंगामा करने लगीं और फिर मेन गेट पर ही धरने पर बैठ गईं। रसोईयां संघ के प्रदेश अध्यक्ष रामललित वर्मा ने कहा कि जब शासन का कोई आदेश आया ही नहीं तो किस आधार पर रसोईयों को निकाला गया और नई रसोईयों की नियुक्ति की गई। रसोईयों ने एमडीएम प्रभारी दीपक पटेल पर आरोप लगाते हुए कहा कि एमडीएम में हुए घपले को छुपाने के लिए इन्होंने ग्राम प्रधानों के साथ मिलकर रसोईयों को निकाला है, जबकि सपा सरकार में आईं नई रसोईयों की नियुक्ति का मामला वापस हो गया था। नई सरकार में इस प्रकार का कोई आदेश जारी नहीं हुआ तो इन्होंने किस आधार पर नई रसोईयों की नियुक्ति की है। बाद में पहुंची पुलिस ने मामले को शांत कराया।
परिषदीय स्कूलों से निकाली गईं रसोईयों ने शनिवार को बीएसए दफ्तर का घेराव कर जमकर हंगामा किया। वे नया सत्र शुरू होने के साथ ही वापसी की मांग कर रही थीं। बीएसए दफ्तर की सूचना पर पहुंची पुलिस ने समझा-बुझाकर उन्हें शांत कराया। पुलिस की मौजूदगी में ही प्रभारी बीएसए ब्रह्मचारी शर्मा, एमडीएम प्रभारी दीपक पटेल ने आश्वासन दिया, जिसके बाद रसोईयां वहां से हटीं।
शनिवार दोपहर 12 बजे के करीब रसोईयों का हुजूम बीएसए दफ्तर पहुंच गया। वे खुद को निकाले जाने का कारण पूछते हुए हंगामा करने लगीं और फिर मेन गेट पर ही धरने पर बैठ गईं। रसोईयां संघ के प्रदेश अध्यक्ष रामललित वर्मा ने कहा कि जब शासन का कोई आदेश आया ही नहीं तो किस आधार पर रसोईयों को निकाला गया और नई रसोईयों की नियुक्ति की गई। रसोईयों ने एमडीएम प्रभारी दीपक पटेल पर आरोप लगाते हुए कहा कि एमडीएम में हुए घपले को छुपाने के लिए इन्होंने ग्राम प्रधानों के साथ मिलकर रसोईयों को निकाला है, जबकि सपा सरकार में आईं नई रसोईयों की नियुक्ति का मामला वापस हो गया था। नई सरकार में इस प्रकार का कोई आदेश जारी नहीं हुआ तो इन्होंने किस आधार पर नई रसोईयों की नियुक्ति की है। बाद में पहुंची पुलिस ने मामले को शांत कराया।
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