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12 जिलों के 46 लाख मनरेगा मजदूरों को मिलेगा पीएफ
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Updated Fri, 04 Nov 2016 12:39 AM IST
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मनरेगा
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एनएचएम और सर्वशिक्षा अभियान के तहत तैनात संविदा कर्मियाें के साथ ही अब मनरेगा मजदूरों को भी जल्द ही भविष्य निधि (पीएफ) का लाभ मिलेगा। गोरखपुर क्षेत्रीय कर्मचारी भविष्य निधि कार्यालय ने इसे लेकर कवायद तेज कर दी है। जोन के 12 जिलों के सभी सीडीओ को पत्र जारी कर 15 दिन में संबंधित जिलों में तैनात मनरेगा मजदूरों के पीएफ का अंशदान जमा करने को कहा गया है। महकमे की तरफ से रकम जमा करने के लिए सभी जिलों का कोड भी एलॉट कर दिया गया है।
विभाग के मुताबिक तय समय के भीतर मजदूरों का अंशदान न जमा करने वाले जिलों के सीडीओ को समन भेजा जाएगा और फिर कर्मचारी भविष्य निधि अधिनियम सात (ए) के तहत कर्मचारियों के अंशदान का बकाया तय किया जाएगा। इसके लिए सीडीओ को मनरेगा मजदूरों के भुगतान से संबंधित सभी दस्तावेजों के साथ अपना पक्ष रखने के लिए पीएफ कार्यालय भी बुलाया जाएगा। बकाया तय होने के बाद उसे जमा करने के लिए 15 दिन का मौका दिया जाएगा। इसके बाद भी अंशदान की रकम नहीं जमा होती है तो खाता सीज कर रुपये निकालने की कार्रवाई की जाएगी।
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एनएचएम, सर्वशिक्षा और मनरेगा समेत कई योजनाओं में काम करने वाले कर्मचारियों पर पहले पीएफ नहीं लागू होता था, मगर इसे लेकर जो सरकार की तरफ से जो नियम बनाए गए थे वे सिर्फ 31 मार्च 2015 तक ही वजूद में थे। इसके बाद इसे बढ़ाया नहीं गया। अब ऐसी सभी योजनाओं में काम करने वाले रेगुलर, संविदा, दैनिक भोगी सभी तरह के कर्मचारियों के पीएफ का अंशदान को जमा कराने की कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
- वीवीबी सिंह, पीएफ कमिश्नर
बहराइच 501035
बलिया 389408
बलरामपुर 255315
बस्ती 476416
देवरिया 281413
गोंडा 345958
गोरखपुर 442482
कुशीनगर 517954
महराजगंज 484292
संतकबीरनगर 354715
श्रावस्ती 173961
सिद्धार्थनगर 450559
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विभाग के मुताबिक तय समय के भीतर मजदूरों का अंशदान न जमा करने वाले जिलों के सीडीओ को समन भेजा जाएगा और फिर कर्मचारी भविष्य निधि अधिनियम सात (ए) के तहत कर्मचारियों के अंशदान का बकाया तय किया जाएगा। इसके लिए सीडीओ को मनरेगा मजदूरों के भुगतान से संबंधित सभी दस्तावेजों के साथ अपना पक्ष रखने के लिए पीएफ कार्यालय भी बुलाया जाएगा। बकाया तय होने के बाद उसे जमा करने के लिए 15 दिन का मौका दिया जाएगा। इसके बाद भी अंशदान की रकम नहीं जमा होती है तो खाता सीज कर रुपये निकालने की कार्रवाई की जाएगी।
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अप्रैल 2015 से मिलेगा लाभ
इन मजदूरों को एक अप्रैल 2015 से पीएफ का लाभ मिलेगा। यही नहीं, उक्त तिथि से लेकर अभी तक की तिथि तक का दोनों अंशदान यानी मनरेगा मजदूर और नियोक्ता, विभाग को ही देना पड़ेगा। बहराइच, कुशीनगर और गोरखपुर के सर्वाधिक मनरेगा मजदूरों को इस कवायद का लाभ मिलेगा।
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एनएचएम, सर्वशिक्षा और मनरेगा समेत कई योजनाओं में काम करने वाले कर्मचारियों पर पहले पीएफ नहीं लागू होता था, मगर इसे लेकर जो सरकार की तरफ से जो नियम बनाए गए थे वे सिर्फ 31 मार्च 2015 तक ही वजूद में थे। इसके बाद इसे बढ़ाया नहीं गया। अब ऐसी सभी योजनाओं में काम करने वाले रेगुलर, संविदा, दैनिक भोगी सभी तरह के कर्मचारियों के पीएफ का अंशदान को जमा कराने की कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
- वीवीबी सिंह, पीएफ कमिश्नर
इन जिलों के मनरेगा मजदूर होंगे लाभान्वित
जिले मजदूरबहराइच 501035
बलिया 389408
बलरामपुर 255315
बस्ती 476416
देवरिया 281413
गोंडा 345958
गोरखपुर 442482
कुशीनगर 517954
महराजगंज 484292
संतकबीरनगर 354715
श्रावस्ती 173961
सिद्धार्थनगर 450559