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बच्चों को लेने गई प्रशासनिक टीम फिर लौटी
Updated Sun, 02 Jul 2017 07:27 PM IST
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उनवल।
खजनी इलाके के रतसही गांव में डीएम के आदेश पर बच्चों को लेने गई प्रशासनिक टीम को एक बार फिर लौटना पड़ा। गांव की शकुंतला अपने दो बच्चों को लेना चाहती हैं लेकिन घरवालों के साथ ही गांव वाले इसका विरोध कर रहे हैं। मौके पर पहुंची पुलिस ने जब बच्चों की तलाश की तो वे नहीं मिले। दादी ने बताया कि बच्चे पिता के पास हैं, जो बीएसएफ में है। शकुंतला पर ननद के सिर पर रॉड से प्रहार करने का आरोप है। इस मामले में वह हालिया दिनों में जेल से जमानत से छूटी है।
रतसही गांव में 17 मई को 18 वर्षीय सुधा के सिर पर भाभी शकुंतला ने लोहे के रॉड से वार कर दिया था। चाय बनाने से मना करने पर हुए विवाद में भाभी ने हमला कर दिया था। इस मामले में ननद की तहरीर पर पुलिस ने केस दर्ज कर शकुंतला को जेल भेज दिया था। जमानत से छूटने पर शकुंतला ने 22 जून को डीएम के पास अर्जी देकर बच्चों को अपने पास रखने की गुहार लगाई थी। डीएम के आदेश पर टीम गांव भी गई लेकिन गांव वालों ने उसे भगा दिया था। रविवार को फिर प्रोबेशन अधिकारी सर्वजीत सिंह, महिला थाना प्रभारी शालिनी सिंह, एसओ खजनी नासिर हुसैन, चौकी प्रभारी श्रवण शुक्ला फोर्स के साथ पहुंचे, लेकिन गांव वाले फिर अड़ गए और टीम को लौटना पड़ा।
खजनी इलाके के रतसही गांव में डीएम के आदेश पर बच्चों को लेने गई प्रशासनिक टीम को एक बार फिर लौटना पड़ा। गांव की शकुंतला अपने दो बच्चों को लेना चाहती हैं लेकिन घरवालों के साथ ही गांव वाले इसका विरोध कर रहे हैं। मौके पर पहुंची पुलिस ने जब बच्चों की तलाश की तो वे नहीं मिले। दादी ने बताया कि बच्चे पिता के पास हैं, जो बीएसएफ में है। शकुंतला पर ननद के सिर पर रॉड से प्रहार करने का आरोप है। इस मामले में वह हालिया दिनों में जेल से जमानत से छूटी है।
रतसही गांव में 17 मई को 18 वर्षीय सुधा के सिर पर भाभी शकुंतला ने लोहे के रॉड से वार कर दिया था। चाय बनाने से मना करने पर हुए विवाद में भाभी ने हमला कर दिया था। इस मामले में ननद की तहरीर पर पुलिस ने केस दर्ज कर शकुंतला को जेल भेज दिया था। जमानत से छूटने पर शकुंतला ने 22 जून को डीएम के पास अर्जी देकर बच्चों को अपने पास रखने की गुहार लगाई थी। डीएम के आदेश पर टीम गांव भी गई लेकिन गांव वालों ने उसे भगा दिया था। रविवार को फिर प्रोबेशन अधिकारी सर्वजीत सिंह, महिला थाना प्रभारी शालिनी सिंह, एसओ खजनी नासिर हुसैन, चौकी प्रभारी श्रवण शुक्ला फोर्स के साथ पहुंचे, लेकिन गांव वाले फिर अड़ गए और टीम को लौटना पड़ा।
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