{"_id":"5c2d06ffbdec2231d561b80a","slug":"31546454783-gorakhpur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"एडीएम सिटी को आया पैरालिसिस स्ट्रोक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
एडीएम सिटी को आया पैरालिसिस स्ट्रोक
Thu, 03 Jan 2019 12:16 AM IST
ajay Kumar
Gorakhpur, Uttar Pradesh, India
Gorakhpur, Uttar Pradesh, India
Published by: ajay Kumar
Updated Thu, 03 Jan 2019 12:16 AM IST
विज्ञापन
अटैक आने के बाद अस्पताल में भर्ती एडीएम सिटी रजनीश चंद्र।
- फोटो : amar ujala
गोरखपुर। एडीएम सिटी रजनीश चंद को बुधवार की सुबह पैरालिसिस स्ट्रोक आने पर जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां से दोपहर बाद उन्हें डिस्चार्ज कर दिया किया गया।
एडीएम सिटी की तबीयत खराब होने पर उन्हें जिला अस्पताल भर्ती कराया गया। सीटी स्कैन जांच हुई तो दिमाग में रक्त का थक्का बनता मिला। हृदयरोग विभाग में भर्ती एडीएम सिटी होश में थे परंतु शरीर के बाएं हिस्से में कमजोरी की शिकायत कर रहे थे। न्यूरोलॉजिस्ट के हवाले से सीएमओ डॉ. श्रीकांत तिवारी ने बताया कि वह दवाओं से ही स्वस्थ हो जाएंगे। दोपहर डिस्चार्ज होने के बाद एडीएम सिटी अपने स्वास्थ्य की जांच कराने के लिए पीजीआई लखनऊ निकल गए।
विज्ञापन
विज्ञापन
एडीएम सिटी की तबीयत खराब होने पर उन्हें जिला अस्पताल भर्ती कराया गया। सीटी स्कैन जांच हुई तो दिमाग में रक्त का थक्का बनता मिला। हृदयरोग विभाग में भर्ती एडीएम सिटी होश में थे परंतु शरीर के बाएं हिस्से में कमजोरी की शिकायत कर रहे थे। न्यूरोलॉजिस्ट के हवाले से सीएमओ डॉ. श्रीकांत तिवारी ने बताया कि वह दवाओं से ही स्वस्थ हो जाएंगे। दोपहर डिस्चार्ज होने के बाद एडीएम सिटी अपने स्वास्थ्य की जांच कराने के लिए पीजीआई लखनऊ निकल गए।
विज्ञापन
खुद से न बंद करें दवा
शुगर और ब्लडप्रेशर ठीक होने वाली बीमारियां नहीं बल्कि इन्हें कंट्रोल किया जा सकता है। डॉ. श्रीकांत तिवारी ने बताया कि शुगर और ब्लडप्रेशर के मरीजों को खुद से दवा नहीं बंद करनी चाहिए। ब्लडप्रेशर बढ़ने से पैरालिसिस स्ट्रोक आने की आशंका होती है।
विज्ञापन