200 आशाओं पर छंटनी की तलवार
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सीएमओ के आदेश पर बृहस्पतिवार को सभी सीएचसी-पीएचसी के प्रभारियों ने आशा बहुओं के साथ बैठक की थी। बैठक में न आने वाली आशा बहुओं को आंदोलन में शामिल माना गया। उसके साथ ही आशा बहुओं के छह माह के कार्यों की समीक्षा की गई। निष्क्रिय आशा बहुओं को चिह्नित किया गया। उसके बाद करीब 200 आशा बहुओं की सूची सीएमओ कार्यालय में दी गई है। इससे पहले 25 मई से आशा बहुएं प्रोत्साहन राशि की जगह मानदेय समेत अन्य मांगों को लेकर आंदोलित हैं। इसी क्रम में वे मुख्यमंत्री के जनता दरबार में सोमवार को पहुंची थीं। तब मुख्यमंत्री ने उनके आंदोलन को सेवा नियमावली के खिलाफ बताते हुए आंदोलन खत्म करने के लिए कहा था। सीएम ने डीएम और सीएमओ को काम न करके माहौल खराब करने वाली आशा बहुओं की जगह दूसरी महिलाओं का चयन करने का भी आदेश दिया था।
निष्क्रिय और काम न करके माहौल खराब करने वाली करीब 200 आशा बहुओं को चिह्नित किया जा चुका है। 20 या 22 जून को होने वाली स्वास्थ्य समिति की बैठक में इन्हें बाहर करने का प्रस्ताव रखा जाएगा। आशा बहुओं की एक नेता जो संगिनी पद पर कार्यरत हैं, उनका भी कार्य संतोषजनक नहीं है। उन्हें भी बाहर करने का प्रस्ताव स्वास्थ्य समिति की बैठक में रखा जाएगा।
- डॉ. श्रीकांत तिवारी, सीएमओ
‘मिशन इंद्रधनुष’ का विरोध करने का एलान
गोरखपुर। आंदोलित आशा बहुओं एवं आशा संगिनियों ने सोमवार से आंदोलन को और तेज करने का निर्णय लिया है। सोमवार से स्वास्थ्य विभाग इंसेफेलाइटिस के उन्मूलन के क्रम में एक हफ्ते का ‘इंद्रधनुष’ अभियान शुरू करने जा रहा है। इस अभियान के तहत पांच वर्ष तक के सभी छूटे बच्चों को इंसेफेलाइटिस से बचाव का टीका लगाया जाना है। आशा बहुओं ने एलान किया है कि वे वैक्सीन का डिब्बा ही नहीं उठाएंगी। बताया जाता है कि स्वास्थ्य विभाग आशा बहुओं के विकल्प के रूप में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और सहायिकाओं को इस अभियान की सफलता के लिए फील्ड में उतारने की तैयारी कर चुका है।
आल इंडिया आशा बहू कार्यकत्री कल्याण सेवा समिति की राष्ट्रीय अध्यक्ष चंदा यादव ने कहा कि सरकार हमारी मांग पर कोई विचार नहीं कर रही है। उल्टे हमें निकालकर अन्य की नियुक्ति की चेतावनी दी जा रही है। एक सप्ताह बाद प्रदेश स्तर पर आशा बहुओं का कार्य बहिष्कार कर धरना-प्रदर्शन शुरू होने जा रहा है। इसके पूर्व हम प्रदेश स्तर पर प्रेसवार्ता कर सरकार की वादाखिलाफी की जानकारी लोगों को देंगे।