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वसंत पंचमी पर्व पर उमड़ पड़ा जायरीनों का सैलाब
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 14 Feb 2016 01:48 AM IST
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बिल्हौर एतिहासिक मेला मकनपुर में वसंत पंचमी पर शनिवार को हजारों की संख्या में जायरीनों ने पहुंचकर रश्म अदायगी की और अमन-चैन की दुआ मांगी।
दूर-दूर से आए अकीदतमंदों ने ईशन नदी में स्नान कर दरगाह पर माथा टेका।करीब 597 वर्ष पुराना मकनपुर मेला इन दिनों पूरे शबाब पर है। दूर-दूर से अकीदतमंदों का सैलाब मदार साहब की दरगाह पर माथा टेकने के लिए आ रहा है।
भीड़ का आलम यह है कि जायरीन कसबे के सापेक्ष सड़क किनारे खेतों में रहकर जैसे-तैसे रश्म अदायगी करने को आतुर हैं जायरीनों की भीड़ के चलते अरौल-मकनपुर मार्ग पर पूरे दिन जाम रहा।
वसंत पंचमी के दिन मदार की दर पर बड़ी संख्या में छोटे-छोटे बच्चों के मुंडन संस्कार की प्रक्रियाएं चलती रहीं। इसके साथ ही मुराद मांगने वाले लोगों भीड़ से जैसे-तैसे मदार की चैखट तक पहुंच सकी।
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मेला कमेटी द्वारा मुख्य भवन के आसपास पर्याप्त प्रबंध किए गए, लेकिन इसके बाद भी जायरीनों को मदार की दर पर पहुंचने के लिए कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। मदार की दर पर चादर चढ़ाने वाले जायरीन दमदार-बेड़ा पार कर रश्म अदा करते रहे।
वहीं बड़ी संख्या में ईशन नदी में डुबकी लगाकर लोग मकनपुर पहुंचे। जायरीनों ने नाव से ईशन नदी में भ्रमण भी किया।
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दूर-दूर से आए अकीदतमंदों ने ईशन नदी में स्नान कर दरगाह पर माथा टेका।करीब 597 वर्ष पुराना मकनपुर मेला इन दिनों पूरे शबाब पर है। दूर-दूर से अकीदतमंदों का सैलाब मदार साहब की दरगाह पर माथा टेकने के लिए आ रहा है।
भीड़ का आलम यह है कि जायरीन कसबे के सापेक्ष सड़क किनारे खेतों में रहकर जैसे-तैसे रश्म अदायगी करने को आतुर हैं जायरीनों की भीड़ के चलते अरौल-मकनपुर मार्ग पर पूरे दिन जाम रहा।
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वसंत पंचमी के दिन मदार की दर पर बड़ी संख्या में छोटे-छोटे बच्चों के मुंडन संस्कार की प्रक्रियाएं चलती रहीं। इसके साथ ही मुराद मांगने वाले लोगों भीड़ से जैसे-तैसे मदार की चैखट तक पहुंच सकी।
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मेला कमेटी द्वारा मुख्य भवन के आसपास पर्याप्त प्रबंध किए गए, लेकिन इसके बाद भी जायरीनों को मदार की दर पर पहुंचने के लिए कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। मदार की दर पर चादर चढ़ाने वाले जायरीन दमदार-बेड़ा पार कर रश्म अदा करते रहे।
वहीं बड़ी संख्या में ईशन नदी में डुबकी लगाकर लोग मकनपुर पहुंचे। जायरीनों ने नाव से ईशन नदी में भ्रमण भी किया।