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कर्मी चेक दबाए बैठे रहे, किसान ठगे रह गए
अमर उजाला ब्यूूराो
Updated Tue, 29 Mar 2016 01:10 AM IST
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सूखा, बारिश जैसी आपदाओं के पीड़ितों से जिले के अधिकारी लापरवाही करने कोई कसर नहीं छोड़ा।
प्रशासनिक अधिकारियों ने चेक पर पड़ी तारीख तक नहीं देखी। तीन माह पहले जारी चेक को खानापूरी कर किसानों में बांट तो दिया लेकिन होलीका अवकाश होने से बैंक बंद रहे ओर किसान राशि पाने से वंचित रह गए। इधर, तहसील के अधिकारी किसानों के चेकों की तारीख बढ़ाने की बजाय झिड़क रहे हैं।
बताते चलें कि अकबरपुर क्षेत्र के धनीरामपुर गांव में 20 मार्च को 317 किसानों चेक बांटे गए थे। 27 दिसंबर 2015 को जारी किए गए 27 मार्च 2016 को निष्क्रिय होनी थी। सिर्फ एक सप्ताह का ही समय था।
22 मार्च के बाद बैंकों में होली व रविवार अवकाश हो गया। ऐसे में किसानों को बैंक में राहत चेक लगाने के लिए सिर्फ दो दिनों का ही समय मिला। रविवार को बैंकों में चेक लगाने का समय बीतने के बाद किसानों को बांटे गए चेक अब बेकार हो गए।
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प्रशासनिक अधिकारियों ने चेक पर पड़ी तारीख तक नहीं देखी। तीन माह पहले जारी चेक को खानापूरी कर किसानों में बांट तो दिया लेकिन होलीका अवकाश होने से बैंक बंद रहे ओर किसान राशि पाने से वंचित रह गए। इधर, तहसील के अधिकारी किसानों के चेकों की तारीख बढ़ाने की बजाय झिड़क रहे हैं।
बताते चलें कि अकबरपुर क्षेत्र के धनीरामपुर गांव में 20 मार्च को 317 किसानों चेक बांटे गए थे। 27 दिसंबर 2015 को जारी किए गए 27 मार्च 2016 को निष्क्रिय होनी थी। सिर्फ एक सप्ताह का ही समय था।
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22 मार्च के बाद बैंकों में होली व रविवार अवकाश हो गया। ऐसे में किसानों को बैंक में राहत चेक लगाने के लिए सिर्फ दो दिनों का ही समय मिला। रविवार को बैंकों में चेक लगाने का समय बीतने के बाद किसानों को बांटे गए चेक अब बेकार हो गए।
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