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रामनगरी में 12 सौ करोड़ की लागत से बनेगा 15 किलोमीटर रोप-वे

Fri, 05 Feb 2021 10:05 PM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Fri, 05 Feb 2021 10:05 PM IST
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अयोध्या में बनने वाले रोप वे का रुट चार्ट - फोटो : FAIZABAD
अयोध्या। रामनगरी में श्रीराम मंदिर निर्माण के साथ ही श्रद्धालुओं को रामलला तक पहुंचाने के लिए सुगम मार्ग बनाने की तैयारी की जा रही है। भक्त और पर्यटक मंदिर तक आराम से पहुंच सके इसके लिए नगर निगम 15 किमी. का रोप-वे बनाने जा रहा है। इस योजना पर करीब 1200 करोड़ रुपये का खर्च आएगा। इस योजना से अयोध्या आने वाले 50 फीसदी पर्यटकों को जोड़ने की तैयारी है। साथ ही योजना से हर साल करोड़ों की कमाई का भी खाका तैयार किया गया है।
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अयोध्या में राममंदिर का निर्माण शुरू होने के साथ ही भक्तों को भीड़ भी बढ़ने लगी है। जनवरी माह में करीब दो लाख श्रद्धालुओं ने रामलला के दर्शन किए। ऐसे में भक्तों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने पर शासन-प्रशासन का फोकस है। रोप-वे बनाने के लिए देश की तीन कंपनियों ने अपना प्रोजेक्ट अयोध्या विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष विशाल सिंह को सौंप दिया है। विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष और नगर निगम के आयुक्त विशाल सिंह ने प्रोजेक्ट का प्रजेंटेशन राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के ट्रस्टियों व पर्यटन मंत्री नीलकंठ तिवारी को दिखाया है।
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प्रोजेक्ट प्रजेंटेशन के अनुसार अयोध्या में वर्तमान समय में प्रतिदिन करीब 10 हजार श्रद्धालु रामलला के दर्शन करने पहुंच रहे हैं। वहीं, आने वाले समय में यहां रोजाना एक लाख श्रद्धालुओं के आने का अनुमान है, जिसमें से 50 हजार श्रद्धालु रोप-वे का प्रयोग करेंगे। 12 सौ करोड़ की लागत से बनने वाले इस रोप-वे का रूट 15 किलोमीटर होगा, जिसमें पांच स्टॉपेज होंगे। इसके लिए 18 स्टेशन का निर्माण भी किया जाएगा।
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श्रद्धालुओं की सुविधा को देखते हुए तीन प्रमुख स्थानों एयरपोर्ट, रेलवे स्टेशन और बस स्टेशन से लोगों को राम मंदिर तक ले जाने के लिए रोप-वे का प्रयोग किया जाएगा। इस रोप-वे का निर्माण पीपीपी (पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप) मोड पर किया जाएगा।
इसमें जो राजस्व प्राप्त होगा उससे इनवेस्टमेंट की लागत निकाली जाएगी। उम्मीद है कि रोप-वे से हर साल करोड़ों की कमाई होगी। इससे एमसीडी का राजस्व चार गुना हो जाएगा। यही नहीं रोप-वे से न सिर्फ श्रद्धालुओं को सुविधा होगी, बल्कि मंदिरों के शहर को आधुनिकता प्रदान करते हुए उसके धरोहरों को भी संरक्षित किया जा सकेगा। साथ ही वाहन प्रदूषण व रामनगरी में जाम की स्थिति से भी काफी हद तक निजात मिलेगी।(संवाद)
श्रीराम एयरपोर्ट से रोप-वे सीधे अयोध्या रेलवे स्टेशन और अयोध्या बस स्टेशन सिर्फ इन तीन जगहों से पर्यटकों को लेगा और वहां से सीधे राम जन्मभूमि परिसर में रामलला के दर्शन करा वापस आएगा। उसके बाद सरयू नदी के नए घाट का दर्शन कराते हुए वापस अपने गंतव्य तक ले जाएगा। एयरपोर्ट से राम जन्मभूमि परिसर तक रोप-वे की सुविधा लेने के लिए पर्यटकों को 150 रुपये देना होगा।

राजस्व वर्ष-1 वर्ष-2 वर्ष-3 वर्ष-4 वर्ष-5 वर्ष-6 वर्ष-7 वर्ष-8
राजस्व (करोड़ में) 228 271 322 382 454 540 641 762
राजस्व वृद्धि 68 81 97 115 136 162 192 229
कुल राजस्व(करोड़ में ) 297 352 419 497 591 702 834 990
कुल लंबाई 15 किमी.
कुल स्टेशन 18
प्रति किमी. लागत 80 करोड़
इलेक्ट्रोमैक्निकल 720 करोड़
सिविल खर्च 480 करोड़
कुल लागत 1200 करोड़
राममंदिर बनने के बाद प्रतिदिन अयोध्या में एक लाख श्रद्धालुओं के आने की उम्मीद है। इसलिए 15 किमी. का रोप-वे बनाने की योजना बनी है। इस योजना पर कुल 1200 करोड़ का खर्च आएगा। इस योजना से अयोध्या आने वाले 50 फीसदी पर्यटकों को जोड़ने की तैयारी है। रोप-वे पीपीपी मॉडल पर तैयार किया जाएगा। इसमें जो राजस्व प्राप्त होगा उससे इनवेस्टमेंट की लागत निकाली जाएगी।- विशाल सिंह, नगर आयुक्त, नगर निगम अयोध्या
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