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अयोध्या के माझा बरहटा में बालू खनन को लेकर विवाद

Thu, 03 Jan 2019 12:48 AM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Thu, 03 Jan 2019 12:48 AM IST
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अयोध्या के माझा बरहटा में बालू खनन को लेकर विवाद
ग्रामीणों ने अयोध्या में रोका बालू खनन
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अयोध्या। माझा बरहटा में चल रहे अवैध खनन के खिलाफ बुधवार को ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। उन्होंने बालू लदी गाड़ियां व पोकलैंड मशीन को रोक कर प्रदर्शन किया। ग्रामीणों का आरोप था कि यहां दबंग अवैध ढंग से खनन कर रहे हैं।

विरोध शुरू हुआ तो पूरे मामले को सीमा विवाद में उलझाने की कोशिश शुरू हो गई। कहा गया कि यह क्षेत्र बस्ती जिले में आता है। बाद में अयोध्या और बस्ती दोनों जिलों की पुलिस टीम एवं राजस्व अधिकारी भी मौके पर पहुंचे।
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बस्ती व अयोध्या जनपद से सटे मांझा बरहटा क्षेत्र में बुधवार की सुबह सरयू के कछार में हो रहे बालू खनन को लेकर स्थानीय ग्रामीण आक्रोशित हो उठे। दर्जनों की संख्या में ग्रामीणों ने बालू लदे एक दर्जन वाहनों व पोकलैंड को रोक दिया।
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सूचना पर थाना हरैया व अयोध्या की पुलिस टीम सहित खनन अधिकारी व एसडीएम सदर अयोध्या भी मौके पर पहुंचे। स्थानीय निवासी ज्ञानमती ने आरोप लगाया कि उनकी 30 बीघा जमीन से दबंग अवैध ढंग से बालू खोद रहे हैं।

संतराम, सरयू प्रसाद, राम सागर, रामजनम, अभयराजी, बृजेश, शिवपूजन सहित अन्य ग्रामीणों ने भी अपनी जमीन में खनन का आरोप लगाया। ग्रामीणों का कहना था कि इसकी शिकायत भी उच्च अधिकारियों से की गई बावजूद इसके पुलिस की मिलीभगत से खनन जारी है।

ग्रामीणों की शिकायत पर जिलाधिकारी ने खनन पर 30 दिसंबर को ही रोक लगा दी थी बावजूद इसके खनन जारी है। जिलाधिकारी ने इसकी जांच के लिए एक टीम भी गठित की थी।

वहीं दूसरी तरफ खनन करा रहे अशोक सिंह निवासी हरैया ने बताया कि खनन पूरी तरह से वैध है। पट्टा पांच साल के लिए शेरखान नवाबगंज के नाम से है। जिसकी रायल्टी भी जमा की जा चुकी है।

बालू खनन निर्धारित जमीन पर ही किया जा रहा है, ग्रामीणों का आरोप निराधार है। सीओ अयोध्या राजकुमार साव ने बताया कि उन्हें खनन पर रोक लगाने का आदेश अभी तक नहीं मिला था, आज सुबह ही आदेश मिला है।

वहीं खनन अधिकारी वाईएन राम मामले में कुछ कहने से बचते रहे। मांझा बरहटा क्षेत्र में हो रहा खनन का मामला अब सीमा विवाद में उलझ गया है। इस मामले में पहली भी शिकायत की जा चुकी है, लेकिन सीमा विवाद आड़े आता रहा।

मांझा बरहटा के लोगों का आरोप है कि सीमा विवाद की आड़ में अवैध खनन की मलाई काटी जा रही है जिसमें पुलिस अधिकारी भी लिप्त हैं। डीएम के निर्देश पर बस्ती व अयोध्या जनपद में सीमा विवाद को लेकर बुधवार को पैमाइश करने पहुंची टीम भी बैरंग लौट गई।

एसडीएम सदर अयोध्या मधुसूदन नागराज हुलगी, खनन अधिकारी वाईएन राम ने बस्ती जनपद के अधिकारियों के साथ घंटों मंथन किया, लेकिन नक्शा नजरी को लेकर अधिकारी संतुष्ट नहीं हो सके।


मौके पर बालू लदी ट्रकों को रोकने का आदेश दिया गया है। जांच के बाद ही ट्रकों को छोड़ा जाएगा। अवैध खनन सिद्ध होने पर कार्रवाई भी होगी। मामला सीमा विवाद में उलझ गया है।

तहसील स्तर का कागज नहीं है, जो कागज हैं वह वर्षों पूर्व के हैं, जिसके चलते पैमाइश नहीं कराई गई है। तीन दिन बाद पुन: जांच की जाएगी।
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