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परमहंस के समाधि स्थल को लेकर सीएम को पत्र
Updated Thu, 03 Aug 2017 12:03 AM IST
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नारायण मिश्र को समाधि स्थल से हटाने पर आंदोलन की चेतावनी
अयोध्या। राममंदिर आंदोलन के महानायक रामचंद्रदास परमहंस के सरयू तट स्थित समाधि स्थल पर दावेदारी का मामला गरमा रहा है। वर्तमान कब्जेदार के पक्ष में कुछ संतों ने बैठक करके मुख्यमंत्री को पत्र भी भेजा है।
गौरतलब हो कि यहां हाल ही में मुख्यमंत्री के आने से पहले समाधि स्थल पर निर्माण कराने वाले नारायण मिश्र को लेकर दिगबंर अखाड़े के महंत सुरेश दास ने सवाल उठाए थे। कहा था कि, ये स्थल दिगंबर अखाड़े की देखरेख में रहेगा।
यहां हुए निर्माण को हटाकर समाधि स्थल को सरकार विकसित करेगी। इसके बाद समाधि स्थल की देखरेख कर रहे नारायण मिश्र को वहां से हटाने की सुगबुगाहट शुरू हो गई। इसी बीच रामनगरी के कुछ संत नारायण मिश्र के समर्थन में आ गए हैं।
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मुख्यमंत्री को मांगपत्र भेजकर नारायण मिश्र को समाधि स्थल से नहीं हटाए जाने की मांग उठाई है। बुधवार को समाधि स्थल पर संतों ने बैठक कर चेतावनी दी कि यदि नारायण मिश्र को समाधि से वंचित करने की कोशिश हुई तो संत समाज चुप नहीं बैठेगा।
बैठक की अध्यक्षता रामजन्मभूमि के पुजारी आचार्य सत्येंद्र दास ने की। इस मौके पर शनिधाम पीठाधीश्वर स्वामी हरिदयाल मिश्र, नारायण मिश्र, संत आचार्य वरुणदास, सत्येंद्र दास, करपात्री महाराज, विशुन दास, रामायणी रामशंकर दास, जेपी तिवारी, शिवसेना के नगर अध्यक्ष रजत पांडेय, मनोज कुमार मिश्र आदि मौजूद रहे।
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अयोध्या। राममंदिर आंदोलन के महानायक रामचंद्रदास परमहंस के सरयू तट स्थित समाधि स्थल पर दावेदारी का मामला गरमा रहा है। वर्तमान कब्जेदार के पक्ष में कुछ संतों ने बैठक करके मुख्यमंत्री को पत्र भी भेजा है।
गौरतलब हो कि यहां हाल ही में मुख्यमंत्री के आने से पहले समाधि स्थल पर निर्माण कराने वाले नारायण मिश्र को लेकर दिगबंर अखाड़े के महंत सुरेश दास ने सवाल उठाए थे। कहा था कि, ये स्थल दिगंबर अखाड़े की देखरेख में रहेगा।
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यहां हुए निर्माण को हटाकर समाधि स्थल को सरकार विकसित करेगी। इसके बाद समाधि स्थल की देखरेख कर रहे नारायण मिश्र को वहां से हटाने की सुगबुगाहट शुरू हो गई। इसी बीच रामनगरी के कुछ संत नारायण मिश्र के समर्थन में आ गए हैं।
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मुख्यमंत्री को मांगपत्र भेजकर नारायण मिश्र को समाधि स्थल से नहीं हटाए जाने की मांग उठाई है। बुधवार को समाधि स्थल पर संतों ने बैठक कर चेतावनी दी कि यदि नारायण मिश्र को समाधि से वंचित करने की कोशिश हुई तो संत समाज चुप नहीं बैठेगा।
बैठक की अध्यक्षता रामजन्मभूमि के पुजारी आचार्य सत्येंद्र दास ने की। इस मौके पर शनिधाम पीठाधीश्वर स्वामी हरिदयाल मिश्र, नारायण मिश्र, संत आचार्य वरुणदास, सत्येंद्र दास, करपात्री महाराज, विशुन दास, रामायणी रामशंकर दास, जेपी तिवारी, शिवसेना के नगर अध्यक्ष रजत पांडेय, मनोज कुमार मिश्र आदि मौजूद रहे।