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जिया न जाए तेरे बिन...गीत पर झूमे श्रोता
Updated Sun, 09 Sep 2018 01:06 AM IST
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फैजाबाद। डॉ. राममनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय के संत कबीर सभागार में स्पीक मैके एवं विश्वविद्यालय के संयुक्त तत्वावधान में सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ सोमा घोष ने रूद्राष्टक भगवान शिव की वंदना से किया। संगीत के क्रम में जिया जाये न तेरे बिना..., मिर्जापुर से गइले हमार पिया...की प्रस्तुति से जनसमूह का ध्यान आकर्षित किया। उन्होंने रघुपति राघव राजा राम.. जैसी भक्तिपूर्ण प्रस्तुति भी दी।
कार्यक्रम के दौरान घोष ने उस्ताद बिस्मिल्लाह खान के कई संस्मरण पर प्रकाश डाला। राग भैरवी व ठुमरी हमारी अटरियां पे आजा रे सांवरियां ...की प्रस्तुति ने संगीत की छटा बिखेर दी। सोमा घोष ने कहा कि जमाना बदलता है, शरीर बदलता है यह हमें नये वातावरण की ओर अग्रसर करता है। छात्र-छात्राओं से उन्होंने अपील की कि परिस्थितियों का डटकर मुकाबला करें। जीवन में कभी हार नहीं मानें। सोमा ने कहा कि युवा पीढ़ी में अवसाद की समस्या बढ़ रही है इससे निपटने के लिए संगीत साधना एक महत्वपूर्ण उपाय है।
समारोह की अध्यक्षता करते हुए कुलपति प्रो. मनोज दीक्षित ने कहा कि संगीत एक ऐसी विधा है जिसकी साधना से हमे शांति मिलती है। सांस्कृतिक कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती की प्रतिमा पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलन के साथ किया गया। कार्यक्रम का संचालन श्रेया पांडेय एवं नुपुर सक्सेना ने किया। धन्यवाद ज्ञापन हर्ष श्रीवास्तव ने किया। कार्यक्रम के संयोजक विवि के माइक्रोबायोलॉजी विभाग के डॉ. शैलेन्द्र कुमार एवं स्पीक मैके फैजाबाद के महासचिव अनुराग वैश्व रहे।
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कार्यक्रम के दौरान घोष ने उस्ताद बिस्मिल्लाह खान के कई संस्मरण पर प्रकाश डाला। राग भैरवी व ठुमरी हमारी अटरियां पे आजा रे सांवरियां ...की प्रस्तुति ने संगीत की छटा बिखेर दी। सोमा घोष ने कहा कि जमाना बदलता है, शरीर बदलता है यह हमें नये वातावरण की ओर अग्रसर करता है। छात्र-छात्राओं से उन्होंने अपील की कि परिस्थितियों का डटकर मुकाबला करें। जीवन में कभी हार नहीं मानें। सोमा ने कहा कि युवा पीढ़ी में अवसाद की समस्या बढ़ रही है इससे निपटने के लिए संगीत साधना एक महत्वपूर्ण उपाय है।
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समारोह की अध्यक्षता करते हुए कुलपति प्रो. मनोज दीक्षित ने कहा कि संगीत एक ऐसी विधा है जिसकी साधना से हमे शांति मिलती है। सांस्कृतिक कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती की प्रतिमा पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्ज्वलन के साथ किया गया। कार्यक्रम का संचालन श्रेया पांडेय एवं नुपुर सक्सेना ने किया। धन्यवाद ज्ञापन हर्ष श्रीवास्तव ने किया। कार्यक्रम के संयोजक विवि के माइक्रोबायोलॉजी विभाग के डॉ. शैलेन्द्र कुमार एवं स्पीक मैके फैजाबाद के महासचिव अनुराग वैश्व रहे।
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