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राजनीति के रास्ते नहीं आ सकती समरसता: प्रो. मनोज दीक्षित
Updated Mon, 09 Apr 2018 11:48 PM IST
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राजनीति के रास्ते नहीं आ सकती समरसता : कुलपति
फैजाबाद। डॉ. राम मनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. मनोज दीक्षित ने कहा कि बाबा साहब की प्रवृत्ति को सीखने की आवश्यकता है। राजनीति के रास्ते समरसता नहीं आ सकती है। समरसता सामाजिक तौर पर सीखने से आएगी। 40 वर्षों से हमारे देश में कोई सामाजिक आंदोलन नहीं हुआ है आज हमारी राजनीतिक समरसता बहुत मजबूत है।
विश्वविद्यालय के कुलपति केंद्रीय पुस्तकालय के सभागार में राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ की विश्वविद्यालय इकाई की ओर से डॉ. भीमराव अंबेडकर के जन्म दिवस पर आयोजित समरसता दिवस में बतौर मुख्यातिथि बोल रहे थे। इससे पूर्व उन्होंने डॉ. भीमराव अंबेडकर के चित्र पर माल्यार्पण कर कार्यक्रम का उद्घाटन किया। शैक्षिक महासंघ के अध्यक्ष प्रो. रामलखन सिंह ने महिलाओं का विकास करने पर बल दिया। कार्यक्रम को संबोधित करते अयोध्या महानगर के प्रचारक अंबेश ने कहा कि समरसता एक दिन के कार्यक्रम से नहीं आती। इसके लिए हमें स्वयं को समरसता में डूबना होगा। सहसंपर्क प्रमुख अवध प्रांत राजेंद्र ने कहा कि बाबा साहब ने समाज को नई दिशा दिखाई। इस दौरान विवि के चीफ प्रॉक्टर डॉ. आर एन राय, डॉ. शिव कुमार, राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ के महामंत्री प्रो. केके वर्मा, प्रो. राजीव गौड़, कार्य परिषद सदस्य सरल ज्ञापटे समेत अन्य शिक्षक उपस्थित रहे।
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फैजाबाद। डॉ. राम मनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. मनोज दीक्षित ने कहा कि बाबा साहब की प्रवृत्ति को सीखने की आवश्यकता है। राजनीति के रास्ते समरसता नहीं आ सकती है। समरसता सामाजिक तौर पर सीखने से आएगी। 40 वर्षों से हमारे देश में कोई सामाजिक आंदोलन नहीं हुआ है आज हमारी राजनीतिक समरसता बहुत मजबूत है।
विश्वविद्यालय के कुलपति केंद्रीय पुस्तकालय के सभागार में राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ की विश्वविद्यालय इकाई की ओर से डॉ. भीमराव अंबेडकर के जन्म दिवस पर आयोजित समरसता दिवस में बतौर मुख्यातिथि बोल रहे थे। इससे पूर्व उन्होंने डॉ. भीमराव अंबेडकर के चित्र पर माल्यार्पण कर कार्यक्रम का उद्घाटन किया। शैक्षिक महासंघ के अध्यक्ष प्रो. रामलखन सिंह ने महिलाओं का विकास करने पर बल दिया। कार्यक्रम को संबोधित करते अयोध्या महानगर के प्रचारक अंबेश ने कहा कि समरसता एक दिन के कार्यक्रम से नहीं आती। इसके लिए हमें स्वयं को समरसता में डूबना होगा। सहसंपर्क प्रमुख अवध प्रांत राजेंद्र ने कहा कि बाबा साहब ने समाज को नई दिशा दिखाई। इस दौरान विवि के चीफ प्रॉक्टर डॉ. आर एन राय, डॉ. शिव कुमार, राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ के महामंत्री प्रो. केके वर्मा, प्रो. राजीव गौड़, कार्य परिषद सदस्य सरल ज्ञापटे समेत अन्य शिक्षक उपस्थित रहे।
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