फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ayodhya News ›   A message of national unity will flow from the banks of the Saryu

Ayodhya News: सरयू तट से प्रवाहित होगा राष्ट्रीय एकता का संदेश

Thu, 09 Apr 2026 05:20 PM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Thu, 09 Apr 2026 05:20 PM IST
विज्ञापन
A message of national unity will flow from the banks of the Saryu
अयोध्या। सामाजिक समरसता, सह-अस्तित्व और राष्ट्रीय एकता के व्यापक संदेश को जन-जन तक पहुंचाने के उद्देश्य से अयोध्या में 11 व 12 अप्रैल को ‘समुत्कर्ष समरस भारत महायज्ञ’ का भव्य आयोजन होने जा रहा है। रामकथा पार्क में प्रस्तावित यह दो दिवसीय कार्यक्रम समरसता के वाहक के रूप में पूरे देश के लिए एक प्रेरक उदाहरण बनने की ओर अग्रसर है।
विज्ञापन



अभिनव भारत न्यास की ओर से आयोजित इस महायज्ञ का उद्देश्य समाज के विभिन्न वर्गों के बीच व्याप्त भेदभाव को समाप्त कर समानता, सहयोग और सद्भाव की भावना को व्यवहारिक रूप में स्थापित करना है। कार्यक्रम के दौरान सांस्कृतिक संध्या, प्रदर्शनी और ‘समरसता संवाद’ जैसे आयोजन भी होंगे, जिनमें राष्ट्रीय एकता, सांस्कृतिक चेतना और सामाजिक समन्वय पर विचार-विमर्श किया जाएगा। इसके अलावा प्रतिभागियों के लिए पर्यटन स्थलों का भ्रमण, श्रमदान और वृक्षारोपण जैसी गतिविधियां भी रखी गई हैं, जो ‘सेवा से संस्कार’ के संदेश को मजबूत करेंगी।
विज्ञापन




अभिनव भारत न्यास के अध्यक्ष अभिनव सिंह राजपूत ने बताया कि आज के समय में जब समाज विभिन्न प्रकार के विभाजनों से जूझ रहा है, ऐसे में यह महायज्ञ समरसता की नई धारा प्रवाहित करने का कार्य करेगा। यह आयोजन केवल धार्मिक अनुष्ठान तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि सामाजिक चेतना, नैतिक मूल्यों और राष्ट्रीय एकता को सुदृढ़ करने का व्यापक अभियान बनेगा। इस कार्यक्रम में देशभर से संत, समाजसेवी, युवा और श्रद्धालु भाग लेंगे, जिससे अयोध्या एक बार फिर राष्ट्रीय एकता और सांस्कृतिक जागरण के केंद्र के रूप में स्थापित होगी।
विज्ञापन
विज्ञापन




समान मंत्रों के साथ आहुति देंगे सभी वर्गों के लोग


- कार्यक्रम के अंतर्गत 108 कुंडीय समरसता महायज्ञ का आयोजन किया जाएगा, जिसमें सभी वर्गों के लोग एक साथ बैठकर समान मंत्रों के साथ आहुति देंगे। प्रत्येक कुंड में अलग-अलग सामाजिक वर्गों के जोड़े शामिल होंगे, जिससे ‘एक साथ साधना, एक साथ सहभागिता’ का संदेश सशक्त रूप में सामने आएगा। सवा लाख मंत्रोच्चार के साथ यह यज्ञ समरस समाज की परिकल्पना को साकार करने का प्रयास होगा। इस आयोजन की सबसे विशेष बात यह है कि इसमें प्रतिभागियों के लिए समान वस्त्र, समान भोजन और समान आवास की व्यवस्था की गई है। यह व्यवस्था केवल सुविधा नहीं, बल्कि सामाजिक समानता के व्यवहारिक अनुभव का माध्यम बनेगी। साथ ही समरसता सहभोज के जरिए बिना किसी भेदभाव के एक साथ भोजन करने की परंपरा को भी जीवंत किया जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed