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कड़कड़ाती ठंड में रुलाने लगी बिजली
Updated Mon, 01 Jan 2018 08:20 PM IST
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bijli
- फोटो : डेमो
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मथुरा। कड़कड़ाती ठंड में बिजली रुलाने लगी है। ग्रामीण व शहरी इलाकों में आठ से 10 घंटे तक बिजली गायब हो रही है। बिजली गुल रहने से लोग पानी तक को तरस गए।
नए साल की पूर्व संध्या पर कस्बा सौंख बिजली घर से जुड़े अड्डा, ओढ़म, आंझल, सींगापट्टी, पाली डूंगरा, तसिया, नैनूपट्टी, श्यौबा सहित 40 गांवों की बिजली गुल रही। वहां 33 केबी लाइन में खराबी बताई गई।
बिजली गुल रहने से लोग सबमर्सिबल से ताजा पानी नहीं निकाल सके, वहीं गांवों अंधेरा बना रहा। कोहरे व अंधेरे के चलते लोगों को खासी परेशानी झेलनी पड़ी। वहीं, फसल बचाने के लिए किसान बिना बिजली के ट्यूबवेल भी नहीं चला सके। इसके अलावा रविवार रात 10 से सुबह आठ बजे तक कृष्णानगर इलाके की बिजली गुल रही।
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लोग नए साल के कार्यक्रम नहीं देख सके। लक्ष्मीनगर बिजलीघर व पचावर बिजलीघर से पोषित चार फीडर बंद रहे। आलू की फसल को पाले से बचाने के लिए जरूरी पानी के लिए लोग ट्यूबवेल नहीं चला सके। सौंख के राजकुमार चौधरी, रोहतास सिंह, ब्रजलाल, उदयवीर सिंह, शंकरलाल, मेघश्याम सिंह, देवेंद्र, धर्मेन्द्र, श्रीकांत, मेघसिंह, छत्रपाल ने बिजली व्यवस्था सुधार की मांग की है।
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नए साल की पूर्व संध्या पर कस्बा सौंख बिजली घर से जुड़े अड्डा, ओढ़म, आंझल, सींगापट्टी, पाली डूंगरा, तसिया, नैनूपट्टी, श्यौबा सहित 40 गांवों की बिजली गुल रही। वहां 33 केबी लाइन में खराबी बताई गई।
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बिजली गुल रहने से लोग सबमर्सिबल से ताजा पानी नहीं निकाल सके, वहीं गांवों अंधेरा बना रहा। कोहरे व अंधेरे के चलते लोगों को खासी परेशानी झेलनी पड़ी। वहीं, फसल बचाने के लिए किसान बिना बिजली के ट्यूबवेल भी नहीं चला सके। इसके अलावा रविवार रात 10 से सुबह आठ बजे तक कृष्णानगर इलाके की बिजली गुल रही।
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लोग नए साल के कार्यक्रम नहीं देख सके। लक्ष्मीनगर बिजलीघर व पचावर बिजलीघर से पोषित चार फीडर बंद रहे। आलू की फसल को पाले से बचाने के लिए जरूरी पानी के लिए लोग ट्यूबवेल नहीं चला सके। सौंख के राजकुमार चौधरी, रोहतास सिंह, ब्रजलाल, उदयवीर सिंह, शंकरलाल, मेघश्याम सिंह, देवेंद्र, धर्मेन्द्र, श्रीकांत, मेघसिंह, छत्रपाल ने बिजली व्यवस्था सुधार की मांग की है।