WhatsApp की नई पॉलिसी के बाद Signal की डाउनलोडिंग में 38% का इजाफा, क्या वाकई बेस्ट है Signal?

फेसबुक के स्वामित्व वाले मल्टीमीडिया मैसेजिंग एप WhatsApp की नई प्राइवेसी पॉलिसी आठ फरवरी से लागू हो रही है जिसके मुताबिक व्हाट्सएप यूजर्स का डाटा फेसबुक, इंस्टाग्राम और पार्टनर कंपनियों के साथ शेयर किया जाएगा। एक्सपर्ट ने WhatsApp की नई पॉलिसी को यूजर्स की निजता का हनन बताया है। बवाल के डैमेज कंट्रोल की कोशिश में WhatsApp ने कहा है कि नई पॉलिसी बिजनेस अकाउंट की सहूलियत के लिए है। इससे निजी चैट प्रभावित नहीं होंगे।
WhatsApp की नई पॉलिसी की घोषणा के बाद टेस्ला के सीईओ और दुनिया के सबसे अमीर शख्स एलन मस्क ने Signal एप को सुरक्षित बताया है। साथ ही लोगों से Signal एप को इस्तेमाल करने को कहा है। व्हाट्सएप की नई प्राइवेसी से नाराज यूजर्स Signal एप को हाथों-हाथ अपना रहे हैं, हालांकि कई यूजर्स टेलीग्राम भी इस्तेमाल करने लगे हैं, लेकिन Signal एप की डाउनलोडिंग में पिछले एक सप्ताह में जबरदस्त इजाफा देखा गया है।
भारत में Signal की डाउनलोडिंग में 38 फीसदी का इजाफा

व्हाट्सएप की नई प्राइवेसी की घोषणा के बाद Signal एप की डाउनलोडिंग में भारत में 38 फीसदी का इजाफा देखा गया है और वह भी महज एक सप्ताह में है। Signal एप के एप स्टोर पर टॉप लिस्ट में आ गया है। बुधवार को Signal को भारत में करीब 2,200 लोगों ने डाउनलोड किए, जबकि दिसंबर के अखिरी सप्ताह में सिग्नल के 1,600 डाउनलोड्स हुए थे।
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दिसंबर में Signal के कुल डाउनलोड्स 51,000 थे, जो कि नवंबर से 11 फीसदी अधिक थे। नवंबर में सिग्नल के कुल डाउनलोड्स की संख्या 46,000 थी। यदि भारतीय बाजार में सिग्नल की डाउनलोडिंग का सिलसिला यूं ही चलता रहा तो WhatsApp के लिए बड़ी मुसीबत हो जाएगी, क्योंकि 40 करोड़ से अधिक यूजर्स के साथ भारत व्हाट्सएप के लिए सबसे बड़ा बाजार है।
Signal एप की कुछ खास बातें...

जब भी आपको कोई व्हाट्सएप की जगह Signal एप को इस्तेमाल करने की सलाह देता होगा तो आपके दिमाग में एक सवाल आता होगा कि यदि भविष्य में Signal भी पैसे के लिए हमारे डाटा का इस्तेमाल करना शुरू कर दे तो फिर क्या होगा? तो आपकी जानकारी के लिए बता दें कि गूगल प्ले-स्टोर पर दी गई जानकारी के मुताबिक Signal एक गैर लाभकारी संस्था (नॉन प्रॉफिट ऑर्गेनाइजेशन) है जिसे 2014 में शुरू किया गया था। Signal एप की कमाई विज्ञापन से नहीं बल्कि डोनेशन से होती है।
Signal एप को कई बड़े साइबर एक्सपर्ट्स ने सुरक्षित बताया है। Signal, व्हाट्सएप के मुकाबले इसलिए भी अधिक सुरक्षित है, क्योंकि व्हाट्सएप के सिर्फ मैसेज और कॉल ही एंड टू एंड एंक्रिप्टेड होते हैं, जबकि Signal का मेटा डाटा भी एंड टू एंड एंक्रिप्टेड है। अमेरिका की खुफिया सूचनाएं लीक करने वाले और जाने-माने व्हिसलब्लोवर एडवर्ड स्नोडेन भी सिग्नल की सिक्योरिटी की तारीफ कर चुके हैं।
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