Whatsapp: क्या रूस में हमेशा के लिए बंद होने वाला है वाट्सएप? जानिए क्यों सरकार कस रही है नकेल?

सुयश पांडेय
टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्लीसुयश पांडेय
Wed, 24 Dec 2025 12:12 PM IST
सार

रूस में वाट्सएप की सेवाओं को लेकर विवाद गहराता जा रहा है। स्लोडाउन और संभावित ब्लॉक की चेतावनी के बाद मेटा ने चिंता जताते हुए कहा है कि रूसी सरकार 10 करोड़ से अधिक लोगों की निजी बातचीत और प्राइवेसी पर हमला कर रही है।

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WhatsApp Faces Restrictions in Russia: Meta Warns of Privacy Threat to Millions
वाट्सएप (सांकेतिक तस्वीर) - फोटो : FREEPIK

    विस्तार

    रूस में वाट्सएप की सेवाओं पर लगाए जा रहे प्रतिबंधों को लेकर विवाद गहरा गया है। मैसेजिंग प्लेटफॉर्म ने रूसी अधिकारियों की आलोचना करते हुए उन पर आरोप लगाया। मेटा ने कहा कि वे 10 करोड़ से ज्यादा रूसियों के निजी बातचीत का अधिकार छीनने की कोशिश कर रहे हैं। यह बयान तब आया है जब रूसी संचार नियामक, Roskomnadzor ने चेतावनी दी है कि अगर वाट्सएप ने रूसी कानूनों का पालन नहीं किया, तो इसे देश में पूरी तरह से ब्लॉक कर दिया जाएगा।

    रूस का आरोप: आतंकवाद और धोखाधड़ी में हो रहा वाट्सएप का इस्तेमाल

    रूसी नियामक ने सरकारी मीडिया को बताया कि वाट्सएप लगातार रूसी कानूनों का उल्लंघन कर रहा है। उनका आरोप है कि, इस मैसेंजर का इस्तेमाल देश में आतंकवादी कृत्यों को आयोजित करने, अपराधियों की भर्ती करने और नागरिकों के खिलाफ धोखाधड़ी जैसे अपराधों को अंजाम देने के लिए किया जा रहा है। नतीजतन, रूस ने मेटा के स्वामित्व वाले इस एप को धीरे-धीरे प्रतिबंधित करना शुरू कर दिया है। मंगलवार को हजारों रूसी उपयोगकर्ताओं ने सर्विस में रुकावट और एप के धीमे चलने की शिकायत की थी।

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    वाट्सएप ने क्या जवाब दिया?

    वाट्सएप के एक प्रवक्ता ने इस कदम का कड़ा विरोध किया है। उन्होंने कहा, "रूस सरकार वाट्सएप तक पहुंच को सीमित करके 10 करोड़ से ज्यादा लोगों से एंड-टू-एंड एन्क्रिप्टेड संचार का अधिकार छीनना चाहती है। वाट्सएप रूसी समाज के हर वर्ग परिवारों, दोस्तों और कार्यस्थलों का एक अहम हिस्सा है। हम अपने यूजर्स के लिए लड़ते रहेंगे क्योंकि लोगों को कम सुरक्षित और सरकारी एप्स पर जाने के लिए मजबूर करना उनकी सुरक्षा के लिए खतरा है"।

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    यूक्रेन युद्ध के बाद रूस में बढ़ा विदेशी एप्स पर दबाव

    फरवरी 2022 में यूक्रेन पर आक्रमण के बाद से रूस और विदेशी टेक कंपनियों के बीच विवाद काफी बढ़ गया है। रूस ने पहले ही फेसबुक और इंस्टाग्राम को ब्लॉक कर दिया है। यूट्यूब की स्पीड को धीमा कर दिया गया है। रूसी नियमों का पालन न करने पर गूगल और अन्य प्लेटफार्मों पर भारी जुर्माना लगाया गया है।

    सरकारी एप 'MAX' को बढ़ावा दे रही सरकार

    अगस्त से ही रूस ने वाट्सएप और टेलीग्राम पर कुछ कॉल्स को सीमित करना शुरू कर दिया था। अब रूसी अधिकारी विदेशी एप्स के विकल्प के रूप में एक सरकारी समर्थन वाले मैसेंजर एप 'MAX' को भारी बढ़ावा दे रहे हैं। आलोचकों का कहना है कि 'MAX' का इस्तेमाल सरकार के जरिए यूजर्स को ट्रैक करने के लिए किया जा सकता है। जबकि रूसी अधिकारियों ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा है कि यह एप नागरिकों के जीवन को आसान बनाने और सरकारी सेवाओं को एकीकृत करने के लिए बनाया गया है।

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