Mobile Apps Banned: 348 मोबाइल एप पर सरकार ने लगाया बैन, चुरा रहे थे यूजर्स का डाटा
इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री राजीव चंद्रशेखर ने बुधवार को संसद को सूचित करते हुए बताया कि सरकार ने अब तक कथित रूप से यूजर्स का डाटा एकत्र करने और इसे देश के बाहर सर्वर पर अनधिकृत तरीके से प्रसारित करने के लिए इन एप्स को ब्लॉक कर दिया है।

विस्तार
भारत सरकार ने 348 मोबाइल एप पर बैन लगा दिया है। इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी मंत्रालय ने इन एप्स पर बैन लगाया है। यह एप कथित रूप से यूजर्स का डाटा और पर्सनल जानकारी इकट्ठा कर रह थे और अनधिकृत तरीके से देश के बाहर भेज रहे थे। दरअसल, इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री ने संसद में इसकी जानकारी दी है। बता दें कि इससे पहले भी 54 नए चाइनीज एप्स पर बैन लगाया गया था।
इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री राजीव चंद्रशेखर ने बुधवार को संसद को सूचित करते हुए बताया कि सरकार ने अब तक कथित रूप से यूजर्स का डाटा एकत्र करने और इसे देश के बाहर सर्वर पर अनधिकृत तरीके से प्रसारित करने के लिए 348 एप्स को ब्लॉक कर दिया है। लोकसभा में एक सवाल के जवाब में चंद्रशेखर ने यह बात कही। उन्होंने कहा, "गृह मंत्रालय (एमएचए) ने 348 मोबाइल एप्लिकेशन की पहचान की थी, जो यूजर्स की जानकारी एकत्र कर रहे थे और इसे प्रोफाइलिंग के लिए देश के बाहर स्थित सर्वरों को अनधिकृत तरीके से प्रसारित कर रहे थे।"
सुरक्षा का कर रहे थे उल्लंघन
सरकार के अनुरोध पर इलेक्ट्रॉनिकी और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने इन एप को ब्लॉक किया गया है। यह कार्रवाई सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की धारा 69 ए के तहत की गई है। मंत्री ने कहा कि इस तरह के डाटा प्रसारण देश की संप्रभुता व अखंडता, रक्षा और राज्य की सुरक्षा का उल्लंघन करते हैं। इन मोबाइल एप को विभिन्न देशों द्वारा विकसित किया गया है। ब्लॉक किए जाने वाले एप में चाइनीज एप भी शामिल हैं।
पहले भी बैन किए गए हैं एप
बता दें कि सरकार समय-समय पर सुरक्षा का उल्लंघन करने वाले एप को बैन करती रही है। साल 2020 में चाइनीज एप्स सहित यूजर्स का डाटा चुराने वाले और सुरक्षा का उल्लंघन करने वाले एप को बैन करने की शुरुआत की गई थी। भारत में चाइनीज एप्स पर बैन की शुरुआत जून 2020 में हुई थी। भारत सरकार ने 29 जून 2020 को पहली डिजिटल स्ट्राइक करते हुए 59 एप्स पर प्रतिबंध लगाया था। उसके बाद क्रमशः 47, 118 और 43 एप्स पर बैन लगाए गए। इस साल भी सरकार ने 300 से अधिक एप को बैन किया है।