इस छोटी-सी डिवाइस से खुल सकता है आपकी कार का लॉक, कीमत सिर्फ 7,000 रुपये

आमतौर पर आपने सुना होगा कि स्मार्टफोन या लैपटॉप या किसी कंपनी के सर्वर को हैक कर लिया गया है, लेकिन अब कारों को भी हैक किया जा रहा है और खास बात यह है कि हैकर्स महंगी और स्मार्ट कारों को अपना शिकार बना रहे हैं। अभी बुधवार को ही दिल्ली से सटे नोएडा में दो हैकर्स ने क्रेटा कार के लॉक सिस्टम को हैक करके कार को चुरा लिया है। हालांकि यह पहला मौका नहीं है जब किसी कार को हैक किया गया है। इससे पहले भी 2015 में चलती जीप को हैक करके रिमोट से कंट्रोल किया गया था। यहां तक की हैकर्स ने स्टेयरिंग पर भी अपना कंट्रोल जमा लिया था, वह भी दूर अपनी कार में बैठकर। अब सवाल यह है कि ये हैकर्स आखिर कार को हैक कैसे करते हैं और इसके लिए कौन गैजेट का इस्तेमाल करते हैं।
मोबाइल एप के जरिए कार को अपने कब्जे में लेते हैं हैकर्स

सबसे पहले आपको बता दें कि सैमी कामकर नाम के एक हैकर्स ने एक गैजेट तैयार किया था जिसका नााम OnStar सिस्टम है और इसकी कीमत 100 डॉलर यानि करीब 7,188 रुपये है। इस गैजेट की मदद से किसी कार को लॉक/अनलॉक और इंजन को स्टार्ट किया जा सकता है। इस डिवाइस से कार को हैक करने के लिए हैकर्स किसी तरह ऑनस्टार डिवाइस को कार में लगा देते हैं। इसके बाद करीब 100 मीटर की दूरे पर वे अपनी कार में बैठ जाते हैं।
इसके बाद जैसे ही कार का मालिक अपनी कार को रिमोट वाली चाबी के साथ कार अनलॉक करता है वैसे ही दूर बैठे हैकस के फोन में सारी डिटेल पहुंच जाती है। ऑनस्टार डिवाइस के लिए एक एप भी है जिसके जरिए हैकर्स कार के लॉक को खोलते हैं। बता दें कि ऑनस्टार जेनरल मोटर्स की ही कंपनी है जो कारों में कम्यूनिकेशन सुविधाएं देती है। ऑनस्टार डिवाइस में एक कमी का फायदा उठाकर ही हैकर ने कार को हैक किया था।
इसके अलावा हैकर्स यू कनेक्ट की मदद से भी कार को हैक करते हैं। यू कनेक्ट एक ऐसा इंटरनेट कनेक्टेड सिस्टम है जिसके जरिए कार में इंफोटेनमेंट, फोन पर बातचीत, जीपीएस नेविगेशन और वाई-फाई हॉटस्पॉट का इस्तेमाल होता है। इंटरनेट का कनेक्शन होने के कारण हैकर्स कार के आईपी एड्रेस के जरिए भी कार को अपने कंट्रोल में लिया जा सकता है।