कार्रवाई: एपल ने इन दो आईफोन को इस देश में किया बंद, चार्जर के कारण लेना पड़ा इतना बड़ा फैसला
तकनीकी दिग्गज ने 2023 में iPhone 15 सीरीज के साथ USB-C पोर्ट्स को पेश किया, लेकिन पुराने मॉडल,जैसे iPhone 14 और iPhone SE में अब भी लाइटनिंग कनेक्टर मौजूद था।

विस्तार
हाल ही में यूरोपीय संघ ने USB-C को आधिकारिक रूप से इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों के लिए अनिवार्य मानक बनाया है। इस नए नियम का उद्देश्य ई-कचरे को कम करना और उपभोक्ताओं के लिए चार्जिंग को सरल बनाना है। यह नियम EU में बेचे जाने वाले फोन, टैबलेट, कैमरा और अन्य इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों में USB-C पोर्ट की अनिवार्यता करता है।
संध के इस कदम के बाद एपल जैसी बड़ी कंपनियां प्रभावित हुई हैं। जहां अधिकतर एंड्रॉयड स्मार्टफोन्स ने हाल के वर्षों में USB-C को अपनाया है, वहीं एपल इस मामले में काफी धीमा रहा है। तकनीकी दिग्गज ने 2023 में iPhone 15 सीरीज के साथ USB-C पोर्ट्स को पेश किया, लेकिन पुराने मॉडल,जैसे iPhone 14 और iPhone SE में अब भी लाइटनिंग कनेक्टर मौजूद था।
EU के नए नियमों का पालन करने के लिए एपल ने iPhone 14 और iPhone SE का उत्पादन बंद कर दिया है, क्योंकि इन मॉडलों में लाइटनिंग पोर्ट है, हालांकि ये मॉडल वेंडर के के माध्यम से स्टॉक खत्म होने तक उपलब्ध रहेंगे, लेकिन नियम गैर-USB-C उत्पादों को सीधे बेचने पर रोक लगाता है। EU के बाहर जैसे कि अमेरिका, भारत और चीन जैसे प्रमुख बाजारों में, ये मॉडल अभी भी खरीद के लिए उपलब्ध हैं।