5G In India: एक साल में भारत के लगभग हर शहर में पहुंचा 5G, जानें कैसे कई यूजर्स के लिए बना समस्या
एक साल में आप अधिकांश भारतीय शहरों में अपने फोन पर 5जी मार्क देख सकते हैं। लेकिन क्या आप 5G का उपयोग और अनुभव उस तरह कर सकते हैं जैसा कि वादा किया गया है? नहीं, अब तक, भारत में 5G रोलआउट यूजर्स के लिए एक आपदा रहा है।

विस्तार
भारत में 5G रोलआउट को करीब एक साल हो गया है। इंडिया मोबाइल कांग्रेस 2022 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 5जी रोलआउट की उद्घाटन किया था। उद्घाटन के ठीक बाद एयरटेल और Jio ने अपनी 5G सेवाओं की घोषणा की। एक साल में आप अधिकांश भारतीय शहरों में अपने फोन पर 5जी मार्क देख सकते हैं। लेकिन क्या आप 5G का उपयोग और अनुभव उस तरह कर सकते हैं जैसा कि वादा किया गया है? नहीं, अब तक, भारत में 5G रोलआउट यूजर्स के लिए एक आपदा रहा है।
भारत में 5G
पीएम मोदी ने 27 अक्तूबर को इंडिया मोबाइल कांग्रेस 2023 कार्यक्रम का उद्घाटन किया और कहा कि भारत ने पिछले साल 5जी रोलआउट से दुनिया को चौंका दिया था। उन्होंने कहा कि 5जी की सफलता के बाद भारत रुका नहीं और इसे हर व्यक्ति तक पहुंचाने पर काम किया।
उन्होंने बताया कि भारत ने 4 लाख 5G बेस स्टेशन विकसित किए हैं जो 97 प्रतिशत से अधिक शहरों और 80 प्रतिशत आबादी को कवर करते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि भारत की औसत मोबाइल ब्रॉडबैंड स्पीड एक साल के भीतर तीन गुना बढ़ गई है और ब्रॉडबैंड स्पीड के मामले में भारत 118वें स्थान से 43वें स्थान पर आ गया है। उन्होंने आगे कहा कि भारत न केवल अपने 5जी नेटवर्क का विस्तार कर रहा है बल्कि 6G तकनीक में भी अग्रणी बन रहा है।