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फ्लैश बैक: हमीरपुर संसदीय क्षेत्र से 1996 में विक्रम सिंह ने रोका था प्रेम कुमार धूमल का विजय रथ
Fri, 19 Apr 2024 12:15 PM IST
Krishan Singh
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊना
संवाद न्यूज एजेंसी, ऊना
Published by: Krishan Singh
Updated Fri, 19 Apr 2024 12:15 PM IST
सार
कांग्रेस के टिकट पर लोकसभा चुनाव जीतकर पूर्व मुख्यमंत्री प्रो. प्रेम कुमार धूमल का विजय रथ रोका था। अब 16 साल बाद कांग्रेस फिर ऊना जिले से प्रत्याशी उतार सकती है।
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प्रो. प्रेम कुमार धूमल, मेजर जनरल विक्रम सिंह
- फोटो : संवाद
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विस्तार
हमीरपुर संसदीय क्षेत्र के ऊना जिले से अब तक दो नेता ही लोकसभा चुनाव जीत कर संसद की दहलीज पार करने में कामयाब रहे हैं। जिले से पहली बार भारतीय लोक दल के प्रत्याशी रणजीत सिंह ने 1977 में जीत दर्ज की थी। इसके बाद दिवंगत मेजर जनरल विक्रम सिंह जीत हासिल करने में सफल रहे थे। 1996 में उन्होंने कांग्रेस के टिकट पर लोकसभा चुनाव जीतकर पूर्व मुख्यमंत्री प्रो. प्रेम कुमार धूमल का विजय रथ रोका था। अब 16 साल बाद कांग्रेस फिर ऊना जिले से प्रत्याशी उतार सकती है।
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पूर्व विधायक सतपाल रायजादा का नाम टिकट को लेकर लेकर चर्चाओं में है।भाजपा ने पांचवीं बार केंद्रीय मंत्री अनुराग सिंह ठाकुर को हमीरपुर से चुनाव मैदान में उतारा है। वह जीत का चौका लगा चुके हैं। पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल ने 1989, 1991 और 2007 में लोकसभा का चुनाव जीता था। ऊना जिले से हमीरपुर सीट के लिए कांग्रेस की जीत का खाता 1996 में मेजर जनरल विक्रम सिंह ने ही खोला था। उन्होंने प्रेम कुमार धूमल को जीत की हैट्रिक लगाने से रोक दिया था।
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हमीरपुर संसदीय क्षेत्र के बिलासपुर जिले से ताल्लुक रखने वाले प्रत्याशी सुरेश चंदेल से 1998 में विक्रम सिंह को हार का सामना करना पड़ा। सुरेश चंदेल ने इस सीट पर जीत की हैट्रिक लगाई है। कांग्रेस ने 2008 में ऊना जिले से ओपी रतन को भी मैदान में उतारा लेकिन, उन्हें हार का सामना करना पड़ा था। उसके बाद भाजपा के विजयी रथ को रोकने में अभी तक कांग्रेस की कोई भी रणनीति अनुराग सिंह ठाकुर के आगे नहीं टिक पाई।
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