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हिमाचल: शिमला में पीलिया फैलने की जांच पूरी, सरकार लेगी अफसरों पर फैसला
Fri, 24 Sep 2021 11:48 AM IST
अरविन्द ठाकुर
अमर उजाला नेटवर्क, शिमला
अमर उजाला नेटवर्क, शिमला
Published by: अरविन्द ठाकुर
Updated Fri, 24 Sep 2021 11:48 AM IST
सार
सूत्रों के अनुसार मामले में कई अभियंताओं के खिलाफ विभागीय जांच में लापरवाही के सबूत मिले हैं। जांच में हर अफसर की अलग-अलग आरोपों की समीक्षा की गई है।
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जांच- सांकेतिक
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
राजधानी शिमला में दिसंबर 2015 में फैले पीलिया के प्रकोप के बाद राज्य सरकार के निर्देश पर शुरू हुई विभागीय जांच अब पूरी हो गई है। जांच पूरी होने के साथ ही रिपोर्ट सरकार को सौंप दी गई है। जांच में मिले तथ्यों के आधार पर अब सरकार जल शक्ति विभाग (तत्कालीन आईपीएच विभाग) के तत्कालीन अधिकारियों पर कार्रवाई को लेकर फैसला लेगी।
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सूत्रों के अनुसार मामले में कई अभियंताओं के खिलाफ विभागीय जांच में लापरवाही के सबूत मिले हैं। जांच में हर अफसर की अलग-अलग आरोपों की समीक्षा की गई है और उनके जवाबों के आधार पर अंतिम रिपोर्ट तैयार की गई है। इसमें जेई से लेकर एक्सईएन स्तर तक के अधिकारियों की भूमिका की जांच की गई है। फिलहाल मामला सरकार के पास विचाराधीन है और जल्द ही इस पर फैसला हो सकता है।
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दरअसल, 2015 में राजधानी शिमला में पीलिया फैलने के बाद हजारों की संख्या में लोग बीमार हो गए थे। इस दौरान दो दर्जन से ज्यादा लोगों की मौत भी हो गई थी। जांच में पता चला था कि उस समय जिस अश्वनी खड्ड से पानी की सप्लाई की जा रही थी, वहां पर लगे सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट का प्रयोग ही नहीं किया जा रहा था। भारी हंगामे के बाद शिमला पुलिस ने मामला दर्ज किया और जांच के लिए एसआईटी गठित कर दी। विभागीय जांच भी शुरू कर दी गई, जिसे अब पूरा कर दिया गया है।
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