{"_id":"c1418544ca51e42e258f29139fa86931","slug":"supports-attempting-to-save-asaram","type":"story","status":"publish","title_hn":"आसाराम को बचाने के लिए स्कूल से हुई डील!","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
आसाराम को बचाने के लिए स्कूल से हुई डील!
अमर उजाला ब्यूरो/शाहजहांपुर
Updated Tue, 04 Mar 2014 03:19 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
जोधपुर पुलिस को भाजपा के पूर्व सांसद स्वामी चिन्मयानंद के श्री शंकर मुमुक्षु विद्यापीठ से जन्मतिथि का जो प्रमाण पत्र सौंपा गया है उसे बिटिया के पिता ने फर्जी बताया है।
विज्ञापन
उनका कहना है कि आसाराम को बचाने के लिए मुमुक्षु विद्यापीठ से हुई डील के चलते ही स्कूल वालों ने खुद प्रमाण पत्र जोधपुर पुलिस के हवाले किया है।
अगस्त में लड़की से दुष्कर्म का मामला सामने आने पर आसाराम पर पॉक्सो एक्ट के जरिए कानूनी शिकंजा कसा गया था। यह एक्ट नाबालिग के साथ दुराचार होने पर लगता है।
विज्ञापन
अक्तूबर-नवंबर में आसाराम के गुर्गे पीड़िता की जन्मतिथि संबंधी फर्जी प्रमाणपत्र बनवाने की जुगत में लग गए थे। आसाराम के गुर्गे नगर पालिका परिषद और उस स्कूल के प्रधानाचार्य पर काफी दबाव डलवाते रहे, जहां पीड़ित ने कक्षा पांच तक शिक्षा पाई थी लेकिन उन्हें कामयाबी नहीं मिली।
विज्ञापन
अब अचानक एक ऐसे स्कूल का नाम सामने आया, जिसमें लड़की ने नर्सरी से कक्षा एक तक की शिक्षा पाई थी। पीड़ित के पिता की बात पर विश्वास किया जाए तो इस मामले में ‘डील’ की गई है।
आरोप है कि इसी ‘डील’ के तहत स्कूल की प्रधानाचार्य ने कॉलेज के लेटरपैड पर जन्मतिथि समेत लड़की का विवरण लिखकर जोधपुर पुलिस को उपलब्ध कराया है।
इसी की पुष्टि के लिए जोधपुर पुलिस यहां पहुंची और उसने पीड़ित के आरंभिक स्कूल श्री शंकर मुमुक्षु विद्यापीठ से अभिलेखों की छाया प्रतियां लीं। पीड़िता के पिता से पूछताछ भी की।