{"_id":"67e50144ac345a4bf100e693","slug":"in-sirohi-the-person-giving-information-about-child-marriage-will-get-a-cash-reward-of-rs-1100-sirohi-news-c-1-1-noi1344-2768945-2025-03-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sirohi News: बाल विवाह रोकने की कवायद, अब सूचना देने वाले को मिलेगा इतने रुपये का इनाम","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sirohi News: बाल विवाह रोकने की कवायद, अब सूचना देने वाले को मिलेगा इतने रुपये का इनाम
Thu, 27 Mar 2025 03:48 PM IST
सिरोही ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सिरोही
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सिरोही
Published by: सिरोही ब्यूरो
Updated Thu, 27 Mar 2025 03:48 PM IST
सार
जिला कलेक्टर ने कहा कि बाल विवाह समाज और परिवार के लिए अभिशाप है। इसे रोकने के लिए व्यापक स्तर पर प्रयास किए जा रहे हैं। लेकिन, जनभागीदारी के अभाव में अपेक्षित सफलता नहीं मिल रही है।
विज्ञापन
सिरोही में बाल संरक्षण इकाई की त्रैमासिक बैठक आयोजित ।
विस्तार
सिरोही जिला कलेक्टर अल्पा चौधरी की अध्यक्षता में जिला बाल संरक्षण इकाई की त्रैमासिक बैठक का आयोजन हुआ। बैठक में बाल विवाह की रोकथाम के लिए जनभागीदारी बढ़ाने सहित विभिन्न मुद्दों पर विचार-विमर्श किया गया। इसके साथ ही बाल विवाह की सूचना देने वाले व्यक्ति को 1100 रुपए का नकद पुरस्कार देने का निर्णय लिया गया।
बैठक में जिला कलेक्टर ने कहा कि बाल विवाह समाज और परिवार के लिए अभिशाप है। इसे रोकने के लिए व्यापक स्तर पर प्रयास किए जा रहे हैं। लेकिन, जनभागीदारी के अभाव में अपेक्षित सफलता नहीं मिल रही है। इसी को ध्यान में रखते हुए बाल कल्याण समिति ने निर्णय लिया कि बाल विवाह की सूचना देने वाले व्यक्ति को 1100 रुपए का नकद पुरस्कार प्रदान किया जाएगा, ताकि समाज में बाल विवाह के विरुद्ध जागरूकता और सहभागिता को बढ़ावा दिया जा सके। बैठक में जिला बाल संरक्षण इकाई के सहायक निदेशक राजेंद्र कुमार पुरोहित ने पिछली बैठक में दिए गए निर्देशों की अनुपालना रिपोर्ट प्रस्तुत की।
बैठक में सिरोही तहसीलदार जगदीश कुमार, अधीक्षक भंवरसिंह परमार, बाल कल्याण समिति सदस्य शशिकला मरडिया, प्रकाश माली, उमाराम रेबारी, प्रतापसिंह नून, मानव विरोधी तस्करी यूनिट से भलाराम (हेड कांस्टेबल), चाइल्ड लाइन समन्वयक मनोहरसिंह, संरक्षण अधिकारी कन्हैयालाल सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
विज्ञापन
ओवरलोडेड बाल वाहनों और ऑटो पर कार्रवाई के निर्देश
बैठक में जिला कलेक्टर चौधरी ने परिवहन विभाग के प्रतिनिधि आरपी वैष्णव को निजी विद्यालयों में संचालित वाहनों और ऑटो रिक्शा में ओवरलोडिंग की निगरानी करने और इस संबंध में आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। इसके अलावा, उन्होंने शिक्षा अधिकारी अजय माथुर को राजकीय विद्यालयों में विद्यार्थियों द्वारा किए जाने वाले श्रमदान में शिक्षकों की भागीदारी सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए।
इन मुद्दों पर भी हुई चर्चा
बाल कल्याण समिति अध्यक्ष रतन बाफना ने बच्चों द्वारा तेज गति से वाहन चलाने की प्रवृत्ति पर चिंता व्यक्त की और संबंधित विभाग को ऐसे मामलों में समझाइश देने और आवश्यक कार्रवाई करने का सुझाव दिया। इसके अलावा, श्रम विभाग के प्रतिनिधि मनोहरसिंह कोटडा से जिले में गठित बाल श्रम टास्क फोर्स की वर्तमान स्थिति पर चर्चा की गई। बैठक में निर्णय लिया गया कि टास्क फोर्स की शीघ्र बैठक आयोजित की जाए और बाल श्रम उन्मूलन के लिए ठोस कदम उठाए जाएं। जिला बाल संरक्षण इकाई के सहायक निदेशक को निर्देश दिए गए कि अन्य बाल हितधारकों के साथ मिलकर जागरूकता शिविरों का आयोजन किया जाए, ताकि समाज में बाल अधिकारों के प्रति जागरूकता बढ़ाई जा सके।
विज्ञापन
बैठक में जिला कलेक्टर ने कहा कि बाल विवाह समाज और परिवार के लिए अभिशाप है। इसे रोकने के लिए व्यापक स्तर पर प्रयास किए जा रहे हैं। लेकिन, जनभागीदारी के अभाव में अपेक्षित सफलता नहीं मिल रही है। इसी को ध्यान में रखते हुए बाल कल्याण समिति ने निर्णय लिया कि बाल विवाह की सूचना देने वाले व्यक्ति को 1100 रुपए का नकद पुरस्कार प्रदान किया जाएगा, ताकि समाज में बाल विवाह के विरुद्ध जागरूकता और सहभागिता को बढ़ावा दिया जा सके। बैठक में जिला बाल संरक्षण इकाई के सहायक निदेशक राजेंद्र कुमार पुरोहित ने पिछली बैठक में दिए गए निर्देशों की अनुपालना रिपोर्ट प्रस्तुत की।
विज्ञापन
बैठक में सिरोही तहसीलदार जगदीश कुमार, अधीक्षक भंवरसिंह परमार, बाल कल्याण समिति सदस्य शशिकला मरडिया, प्रकाश माली, उमाराम रेबारी, प्रतापसिंह नून, मानव विरोधी तस्करी यूनिट से भलाराम (हेड कांस्टेबल), चाइल्ड लाइन समन्वयक मनोहरसिंह, संरक्षण अधिकारी कन्हैयालाल सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
विज्ञापन
ओवरलोडेड बाल वाहनों और ऑटो पर कार्रवाई के निर्देश
बैठक में जिला कलेक्टर चौधरी ने परिवहन विभाग के प्रतिनिधि आरपी वैष्णव को निजी विद्यालयों में संचालित वाहनों और ऑटो रिक्शा में ओवरलोडिंग की निगरानी करने और इस संबंध में आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए। इसके अलावा, उन्होंने शिक्षा अधिकारी अजय माथुर को राजकीय विद्यालयों में विद्यार्थियों द्वारा किए जाने वाले श्रमदान में शिक्षकों की भागीदारी सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए।
इन मुद्दों पर भी हुई चर्चा
बाल कल्याण समिति अध्यक्ष रतन बाफना ने बच्चों द्वारा तेज गति से वाहन चलाने की प्रवृत्ति पर चिंता व्यक्त की और संबंधित विभाग को ऐसे मामलों में समझाइश देने और आवश्यक कार्रवाई करने का सुझाव दिया। इसके अलावा, श्रम विभाग के प्रतिनिधि मनोहरसिंह कोटडा से जिले में गठित बाल श्रम टास्क फोर्स की वर्तमान स्थिति पर चर्चा की गई। बैठक में निर्णय लिया गया कि टास्क फोर्स की शीघ्र बैठक आयोजित की जाए और बाल श्रम उन्मूलन के लिए ठोस कदम उठाए जाएं। जिला बाल संरक्षण इकाई के सहायक निदेशक को निर्देश दिए गए कि अन्य बाल हितधारकों के साथ मिलकर जागरूकता शिविरों का आयोजन किया जाए, ताकि समाज में बाल अधिकारों के प्रति जागरूकता बढ़ाई जा सके।