{"_id":"677146b2ea6cb4fd8f088f95","slug":"sikar-news-public-anger-over-the-decision-to-cancel-new-districts-and-divisions-effigy-of-cm-burnt-in-losal-2024-12-29","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sikar News : नए जिलों और संभागों के निरस्त करने के फैसले पर जनाक्रोश भड़का, लोसल में सीएम का पुतला फूंका","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sikar News : नए जिलों और संभागों के निरस्त करने के फैसले पर जनाक्रोश भड़का, लोसल में सीएम का पुतला फूंका
Sun, 29 Dec 2024 06:25 PM IST
प्रिया वर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सीकर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सीकर
Published by: प्रिया वर्मा
Updated Sun, 29 Dec 2024 06:25 PM IST
सार
प्रदेश सरकार द्वारा नौ जिले और तीन संभाग निरस्त करने के फैसले पर विरोध प्रदर्शनों की शुरुआत हो चुकी है। कल जिले के लोसल में माकपा और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने विरोध स्वरूप सीएम के पुतले की शवयात्रा निकाली और पुतला फूंका।
विज्ञापन
राजस्थान
- फोटो : सोशल मीडिया
विस्तार
प्रदेश में भाजपा सरकार द्वारा हाल ही में 9 नए जिलों और 3 संभागों को निरस्त करने के फैसले के खिलाफ विरोध प्रदर्शन तेज हो गया है। सीकर जिले के लोसल कस्बे में कांग्रेस और माकपा कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया और उनका पुतला जलाकर आक्रोश व्यक्त किया।
विज्ञापन
शनिवार को जिले के लोसल कस्बे में कांग्रेस और माकपा कार्यकर्ताओं ने मिलकर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा के पुतले की शवयात्रा निकाली। इसके बाद मुख्य बस स्टैंड चौराहे पर पुतला जलाकर सरकार के इस फैसले का विरोध किया।
विज्ञापन
इस मौके पर माकपा नेता भागीरथ नेतड़ ने कहा- "शेखावाटी क्षेत्र में भाजपा का जनाधार हमेशा कमजोर रहा है। विधानसभा चुनाव में भाजपा यहां केवल तीन सीटें जीत सकी थी, जबकि लोकसभा चुनाव में इंडिया गठबंधन के अमराराम सांसद चुने गए। भाजपा ने दुर्भावनापूर्ण राजनीति करते हुए सीकर संभाग और नीमकाथाना जिले को निरस्त किया है, जो जनता के साथ अन्याय है।"
विज्ञापन
नेतड़ ने सरकार से जिलों और संभागों को निरस्त करने का फैसला वापस लेने की मांग की है। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर सरकार ने अपना निर्णय नहीं बदला तो आमजन सड़कों पर उतरकर उग्र आंदोलन करेंगे।
गौरतलब है कि सरकार के इस निर्णय के खिलाफ प्रदेशभर में विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं। विभिन्न जिलों में आम जनता, राजनीतिक दल और सामाजिक संगठनों ने सड़कों पर उतरकर सरकार के खिलाफ रोष जताया है। अब देखना है कि जनता के इस विरोध और दबाव के आगे सरकार क्या कदम उठाती है।