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फलौदी हादसा: 15 लोगों की मौत पर सुप्रीम कोर्ट सख्त, NHAI और राजस्थान सरकार से स्थिति रिपोर्ट तलब
Mon, 10 Nov 2025 12:30 PM IST
अर्पित याज्ञनिक
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, राजस्थान
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, राजस्थान
Published by: अर्पित याज्ञनिक
Updated Mon, 10 Nov 2025 12:30 PM IST
सार
न्यायमूर्ति जे.के. माहेश्वरी और न्यायमूर्ति विजय विश्नोई की पीठ ने NHAI को दो सप्ताह में राजस्थान के राष्ट्रीय राजमार्गों पर बने ढाबों और निर्माणों की स्थिति सहित सड़क की गुणवत्ता पर विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं।
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फलोदी हादसे पर सुप्रीम कोर्ट ने लिया संज्ञान।
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को राजस्थान के फलौदी में हुए दर्दनाक सड़क हादसे, जिसमें 15 लोगों की मौत हो गई और कई लोग घायल हुए, पर स्वतः संज्ञान (suo motu cognizance) लिया।
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न्यायमूर्ति जे.के. माहेश्वरी और न्यायमूर्ति विजय विश्नोई की पीठ ने राजमार्गों की सुरक्षा को लेकर गहरी चिंता व्यक्त की और राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) को निर्देश दिया कि वह दो सप्ताह के भीतर विस्तृत स्थिति रिपोर्ट दाखिल करें, जिसमें राजस्थान के राष्ट्रीय राजमार्गों पर स्थित ढाबों और अन्य स्थापनाओं की संख्या एवं स्थिति का ब्योरा दिया जाए। इसके साथ ही अदालत ने सड़क की स्थिति (Road Conditions) के संबंध में भी रिपोर्ट तलब की।
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पीठ ने वरिष्ठ अधिवक्ता ए.एस. नाडकर्णी को मामले में न्याय मित्र नियुक्त किया और निर्देश दिया कि राजस्थान के मुख्य सचिव को पक्षकार के रूप में शामिल किया जाए, ताकि वे मामले में स्थिति रिपोर्ट दाखिल करें। राजस्थान सरकार की ओर से उपस्थित अतिरिक्त महाधिवक्ता शिव मंगल शर्मा ने अदालत को आश्वस्त किया कि राज्य सरकार पूर्ण सहयोग करेगी और इस महत्वपूर्ण मुद्दे पर न्यायालय की हर प्रकार से सहायता करेगी।
अदालत ने इसके अतिरिक्त आंध्र प्रदेश के श्रीकाकुलम में हुए समान सड़क हादसे का भी संज्ञान लिया और निर्देश दिया कि आंध्र प्रदेश के मुख्य सचिव को भी पक्षकार बनाया जाए, ताकि राष्ट्रीय राजमार्ग सुरक्षा और सड़क किनारे ढांचों के नियमन के लिए एक समन्वित नीति और दृष्टिकोण अपनाया जा सके।