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Karauli Violence: आग की लपटों के बीच दौड़ते कांस्टेबल ने जलने से बचा लीं तीन जिंदगियां, सीएम ने हेड कांस्टेबल बनाया
Mon, 04 Apr 2022 07:22 PM IST
उदित दीक्षित
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
Published by: उदित दीक्षित
Updated Mon, 04 Apr 2022 07:22 PM IST
सार
मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने तीन लोगों की जान बचाने वाले कांस्टेबल नेत्रेश शर्मा से फोन पर बात कर उन्हें बधाई दी। उन्होंने नेत्रेश को हेड कांस्टेबल के पद पर पदोन्नत कर दिया है।
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बच्चे को गोद में लेकर दौड़ते कॉन्स्टेबल नेत्रेश शर्मा।
- फोटो : सोशल मीडिया
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विस्तार
राजस्थान के करौली में नव वर्ष पर भड़की हिंसा और अब शहर में फैले तनाव के बीच आंखों को सुकून देने वाली एक तस्वीर सामने आई है। यह तस्वीर हिंसा के जख्मों को तो नहीं भर सकती, लेकिन उन पर मरहम लगाने का काम कर रही है। दरअसल, बाइक रैली पर पथराव के बाद हटवारा बाजार में भगदड़ मच गई। उपद्रवियों ने कई दुकानों को आग के हवाले कर दिया। चारों तरफ चीख पुकार मची हुई थी।
इस दौरान बाजार में खरीदी करने आईं दो महिलाएं बच्चे के साथ बचने के लिए एक मकान में छिप गईं, लेकिन वह भी आग की लपटों के बीच घिर गया। इससे महिलाएं और उनके साथ मौजूद बच्चा रोने लगे। मौके पर मौजूद एक कांस्टेबल ने उनके रोने की आवाज सुनी तो वह बच्चे को गोद में उठाकर भाग, पीछे-पीछे महिलाएं भी बाहर आ गईं। कांस्टेबल की बहादुरी से तीनों की जान बच गई। अब इस कांस्टेबल को सीएम अशोक गहलोत ने बहादुरी का इनाम देते हुए हेड कॉन्स्टेबल बना दिया है। आइए आपको बताते हैं कांस्टेबल नेत्रेश शर्मा ने कैसे तीन जिंदगियों को जलने से बचाया...
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार कांस्टेबल नेत्रेश शर्मा करौली पुलिस चौकी पर तैनात है। इलाके में हिंसा भड़कने के बाद वह मौके पर पहुंचे तो हर तरफ अफरा-तफरी का माहौल था। इलाका आग की लपटों और धुएं से भरा हुआ था। शनिवार शाम 6:30 बजे कॉन्स्टेबल शर्मा फूटाकोट में आग और हालात काबू करने के प्रयास में जुटे थे। इस दौरान जलती दुकानों के बीच घिरे मकान से शर्मा को महिलाओं और बच्चे के रोने की आवाज सुनाई दी।
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महिलाएं बार-बार मेरे बच्चे को बचा लो यही चिल्ला रहीं थीं और बच्चा जोर-जोर से रो रहा था। यह आवाज सुनकर कांस्टेबल ने देखा तो दो महिलाएं और उनके साथ एक बच्चा आग की लपटों में फंसे हुए थे। कांस्टेबल शर्मा मौके पर पहुंचे और बच्चे को एक कपड़े में लपेट कर वहां से भागे, पीछे-पीछे दोनों महिलाएं भी बाहर आ गईं। इस तरह कॉन्स्टेबल नेत्रेश शर्मा ने बहादुरी दिखाते हुए तीनों की जान बचा ली।
रजस्थान पुलिस बोली-दौड़ते खाकी के कदम
राजस्थान पुलिस ने दो महिलाओं और बच्चे की जिंदगी बचाने वाले कांस्टेबल नेत्रेश शर्मा की फोटो टि्वटर पर शेयर की है। उनकी तारीफ करते हुए लिखा कि एक मां को साथ लिए, सीने से मासूम को चिपकाए दौड़ते खाकी के कदम। कांस्टेबल नेत्रेश शर्मा के जज्बे को सलाम।
सीएम गहलोत ने फोन पर की बात
मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने तीन लोगों की जान बचाने वाले कांस्टेबल नेत्रेश शर्मा से फोन पर बात कर उन्हें बधाई दी। उन्होंने नेत्रेश को हेड कांस्टेबल के पद पर पदोन्नत करने का भी निर्णय किया है।
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इस दौरान बाजार में खरीदी करने आईं दो महिलाएं बच्चे के साथ बचने के लिए एक मकान में छिप गईं, लेकिन वह भी आग की लपटों के बीच घिर गया। इससे महिलाएं और उनके साथ मौजूद बच्चा रोने लगे। मौके पर मौजूद एक कांस्टेबल ने उनके रोने की आवाज सुनी तो वह बच्चे को गोद में उठाकर भाग, पीछे-पीछे महिलाएं भी बाहर आ गईं। कांस्टेबल की बहादुरी से तीनों की जान बच गई। अब इस कांस्टेबल को सीएम अशोक गहलोत ने बहादुरी का इनाम देते हुए हेड कॉन्स्टेबल बना दिया है। आइए आपको बताते हैं कांस्टेबल नेत्रेश शर्मा ने कैसे तीन जिंदगियों को जलने से बचाया...
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मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार कांस्टेबल नेत्रेश शर्मा करौली पुलिस चौकी पर तैनात है। इलाके में हिंसा भड़कने के बाद वह मौके पर पहुंचे तो हर तरफ अफरा-तफरी का माहौल था। इलाका आग की लपटों और धुएं से भरा हुआ था। शनिवार शाम 6:30 बजे कॉन्स्टेबल शर्मा फूटाकोट में आग और हालात काबू करने के प्रयास में जुटे थे। इस दौरान जलती दुकानों के बीच घिरे मकान से शर्मा को महिलाओं और बच्चे के रोने की आवाज सुनाई दी।
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महिलाएं बार-बार मेरे बच्चे को बचा लो यही चिल्ला रहीं थीं और बच्चा जोर-जोर से रो रहा था। यह आवाज सुनकर कांस्टेबल ने देखा तो दो महिलाएं और उनके साथ एक बच्चा आग की लपटों में फंसे हुए थे। कांस्टेबल शर्मा मौके पर पहुंचे और बच्चे को एक कपड़े में लपेट कर वहां से भागे, पीछे-पीछे दोनों महिलाएं भी बाहर आ गईं। इस तरह कॉन्स्टेबल नेत्रेश शर्मा ने बहादुरी दिखाते हुए तीनों की जान बचा ली।
रजस्थान पुलिस बोली-दौड़ते खाकी के कदम
राजस्थान पुलिस ने दो महिलाओं और बच्चे की जिंदगी बचाने वाले कांस्टेबल नेत्रेश शर्मा की फोटो टि्वटर पर शेयर की है। उनकी तारीफ करते हुए लिखा कि एक मां को साथ लिए, सीने से मासूम को चिपकाए दौड़ते खाकी के कदम। कांस्टेबल नेत्रेश शर्मा के जज्बे को सलाम।
सीएम गहलोत ने फोन पर की बात
मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने तीन लोगों की जान बचाने वाले कांस्टेबल नेत्रेश शर्मा से फोन पर बात कर उन्हें बधाई दी। उन्होंने नेत्रेश को हेड कांस्टेबल के पद पर पदोन्नत करने का भी निर्णय किया है।