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Jhunjhunu News: किसानों का धरना 51वें दिन भी जारी, मुख्यमंत्री भजनलाल को भेजा मांग पत्र
Wed, 21 Feb 2024 06:24 PM IST
अरविंद कुमार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, झुंझुनूं
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, झुंझुनूं
Published by: अरविंद कुमार
Updated Wed, 21 Feb 2024 06:24 PM IST
सार
झुंझुनूं जिले में किसानों का धरना 51वें दिन भी जारी है। बस स्टैंड स्थित लाल चौक पर धरना दिया जा रहा है। किसान सभा के बैनर तले धरना चल रहा है।
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किसानों की धरना
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
झुंझुनूं में सिंघाना सड़क मार्ग स्थित बस स्टैंड लाल चौक पर नहर की मांग कर रहे किसानों का धरना 51वें दिन भी जारी रहा। किसान सभा के बैनर तले चल रहे धरने की अध्यक्षता तहसील अध्यक्ष राजेंद्र सिंह ने की। धरने पर केंद्रीय जल शक्ति मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत मध्यस्थता में हुए शेखावाटी जल समझौते का विरोध किया गया है। किसान सभा के उपाध्यक्ष बजरंग बारालाल ने निंदा प्रस्ताव रखा, जिसको सर्वसम्मति से पारित किया गया।
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बता दें कि अब किसान लाल चौक पर बुधवार को केंद्रीय मंत्री शेखावत और राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा का पुतला फुकेंगे। शेखावाटी नहर आंदोलन संघर्ष प्रवक्ता लोक कलाकार विजेंद्र शास्त्री ने बताया कि इस एक चौथाई फैसले को लेकर किसान बहुत ही नाराज हैं। किसानों के हक के लिए सरकार द्वारा लिए गए फैसले से किसान ठगा सा महसूस कर रहा है।
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शेखावाटी से जुड़े केंद्रीय मंत्री शेखावत की मध्यस्थता व मुख्यमंत्री भजनलाल की उपस्थिति में 1994 में हुए फैसले की धज्जियां उड़ाई गई। किसान नेताओं ने आरोप लगाया है कि यह चुनाव के लिए भाजपा का एक प्रोपेगेंडा है। किसानों ने कहा कि शेखावाटी क्षेत्र के किसानों ने जाजम पर लिए फैसले के अनुसार अब पीछे हटने का सवाल ही नहीं उठाता।
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मुख्यमंत्री को भेजा मांग पत्र
किसान सभा की ओर से तहसील अध्यक्ष बराला के नेतृत्व में एसडीएम के माध्यम से एक मांग पत्र मुख्यमंत्री को भेजा गया है। पत्र में मुख्यमंत्री से 1994 में हुए यमुना जल समझौते के तहत बनी 31 डीपीआर हजार करोड़ की डीपीआर को तुरंत लागू करने की मांग की है। पत्र में लिखा है कि डीपीआर के तहत छह पाइप लाइनों से 1917 क्यूसेक पानी लाने का समझौता हुआ था। इस समझौते के जगह अगर हाल ही में हुए समझौते को अगर लागू किया तो जिले भर में आंदोलन तेज होगा।