मरू महोत्सव: बड़ी रेवाल में 40 किमी प्रतिघंटा की रफ्तार से दौड़े घोड़े, विजेताओं को कलेक्टर ने किया पुरस्कृत
मरू महोत्सव के तहत जैसलमेर के लाणेला गांव में बुधवार को श्री लक्ष्मीनाथ घुड़ दौड़ प्रतियोगिता का भव्य आयोजन हुआ। इस रोमांचक प्रतियोगिता में पांच श्रेणियों-गेलप, मादरी, छोटी रेवाल, बड़ी रेवाल और उड़ंत में कुल 54 घोड़े एवं घुड़सवारों ने भाग लिया।
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मरू महोत्सव के कार्यक्रमों की कड़ी में बुधवार सुबह को लाणेला गांव के विशाल भू-भाग मे फैले रण क्षेत्र में घुड़ दौड़ प्रतियोगिता का आयोजन हुआ। जिला प्रशासन एवं पंचायत समिति जैसलमेर के संयुक्त तत्वावधान में श्री लक्ष्मीनाथ घुड़ दौड़ प्रतियोगिता के तहत गेलप घुड़ दौड़ में 9, मादरी में 6, छोटी रेवाल में 16, बड़ी रेवाल में 9 घोड़े तथा उड़ंत में 14 घोड़े और घुड़सवार शामिल हुए। घुड़ दौड़ प्रतियोगिता पांच श्रेणियों में आयोजित की गई। इसमें गेलप के अंतर्गत नॉर्मल स्पीड, मादरी में मध्यम गति से छोटी रेवाल में 30 से 35 किमी गति से तथा बड़ी रेवाल में 40 किमी प्रतिघंटा की रफ्तार से घोड़े दौड़ाए गए।
ये रहे विजेता
गेलप दौड़ में प्रथम नरपत सिंह राजमथाई, द्वितीय गर्वित व्यास, तथा तृतीय सुशील माराज का घोड़ा रहा। इसी प्रकार मादरी घुड़दौड़ में रूप सिंह खारा प्रथम, महेन्द्र हसन बाड़मेर द्वितीय तथा बड़े मियां तृतीय स्थान पर रहे। इसी क्रम में छोटी रेवाल घुड़दौड़ में प्रथम पवन सिंह आगोर, बसीर राजड़ द्वितीय एवं रूप सिंह खारा तृतीय स्थान पर रहे। बड़ी रेवाल घुड़ दौड़ में प्रथम भाई खान पोकरण प्रथम, हजारी सिंह द्वितीय एवं गुलाम कुरैशी तृतीय स्थान पर रहे। उड़ंत दौड़ में प्रथम स्थान पर दीदा भाई गुजरात, द्वितीय स्थान पर बालमसिंह कीता एवं तृतीय स्थान पर सवाई सिंह डाबड़ रहे। जिला कलेक्टर प्रताप सिंह ने सभी विजेताओं को स्मृति चिह्न एवं प्रमाण पत्र प्रदान कर पुरस्कृत किया।
कुलधरा में लगी मांडणा आर्ट प्रदर्शनी
मरू महोत्सव के अंतिम दिवस बुधवार को प्राचीन ऐतिहासिक कुलधरा गांव में मांडणा आर्ट प्रदर्शनी और रंगोली का कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिसे देशी विदेशी सैलानियों ने उत्साह के साथ देखा एवं स्थानीय लोक कलाकारों की प्रस्तुतियों का लुत्फ लिया।