फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Rajasthan ›   Jaipur News ›   Rajasthan Budget 2025: Government's budget relied heavily on 'Modi's guarantee', election promises ignored

Rajasthan Budget 2025: 'मोदी की गारंटी' पर भारी पड़ा सरकार का बजट, चुनाव में किए गए वादों को दरकिनार किया

Wed, 19 Feb 2025 05:14 PM IST
प्रिया वर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर Published by: प्रिया वर्मा Updated Wed, 19 Feb 2025 05:14 PM IST
सार

प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने बजट को लेकर अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए एक्स पर लिखा है कि सरकार का यह बजट मोदी की गारंटी को दरकिनार करता दिखाई देता है। यह जनता के साथ वादाखिलाफी है।

विज्ञापन
Rajasthan Budget 2025: Government's budget relied heavily on 'Modi's guarantee', election promises ignored
राजस्थान - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

राजस्थान सरकार द्वारा पेश किए गए बजट पर पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि यह बजट प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की "गारंटी" पर भारी साबित हुआ है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार ने विधानसभा चुनावों के दौरान किए गए वादों को दरकिनार कर दिया है। प्रदेश सरकार का यह बजट प्रधानमंत्री की उन घोषणाओं की पोल खोलता है।

विज्ञापन


किसानों से किए वादों पर अमल नहीं

गहलोत ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने 18 नवंबर 2023 को वादा किया था कि राजस्थान में भाजपा सरकार बनने के बाद किसानों को पीएम किसान सम्मान निधि के तहत 12 हजार रुपए वार्षिक मिलेंगे लेकिन इस बजट में भी केवल नौ हजार ही देने की घोषणा की गई है, जो किसानों के साथ किया गया वादाखिलाफी है।
विज्ञापन


पेट्रोल-डीजल के दामों में कोई राहत नहीं

इसी तरह प्रधानमंत्री ने चूरू में यह वादा भी किया था कि राजस्थान में भाजपा सरकार बनने पर पेट्रोल-डीजल की कीमतें हरियाणा के बराबर होंगी लेकिन बजट में इस पर कोई जिक्र नहीं किया गया और आज भी हरियाणा में पेट्रोल राजस्थान से दस रुपए सस्ता मिल रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन


कृषि क्षेत्र में भी वादाखिलाफी

गहलोत ने आरोप लगाया कि भाजपा ने चुनावी घोषणा पत्र में बाजरे की सरकारी खरीद और गेहूं 2700 रुपए प्रति क्विंटल खरीदने की गारंटी दी थी लेकिन बजट में बाजरे की खरीद का कोई जिक्र नहीं किया गया और गेहूं पर केवल 150 रुपए बोनस देने की घोषणा की गई, जो पहले से ही दिया जा रहा था।

सामाजिक सुरक्षा पेंशन में कानून का उल्लंघन

उन्होंने कहा कि कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में राजस्थान मिनीमम गारंटी एक्ट के तहत हर साल सामाजिक सुरक्षा पेंशन में 15% वृद्धि का प्रावधान किया गया था। पिछले बजट में यह राशि एक हजार से बढ़ाकर 1,150 रुपए की गई थी। कानून के अनुसार इस साल इसे 1,322 होना चाहिए था, लेकिन भाजपा सरकार ने इसे केवल 1,250 तक बढ़ाया, जो जरूरतमंद लोगों के साथ अन्याय और कानून का उल्लंघन है।

सरकारी नौकरियों के दावे भी गलत

गहलोत ने कहा कि पिछले बजट में राज्य सरकार ने एक साल में 1 लाख सरकारी नौकरियां देने का वादा किया था, लेकिन खुद सरकार मान रही है कि सिर्फ 59 हजार नौकरियां ही दी गईं, जिनमें से अधिकांश कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में शुरू हुई थीं। अब सरकार अगले साल के लिए 1.25 लाख नई नौकरियों की घोषणा कर रही है, जबकि खुद ही 81,000 नियुक्तियों का कैलेंडर जारी कर चुकी है। यह केवल आंकड़ों की बाजीगरी है।

बाड़मेर रिफाइनरी प्रोजेक्ट में देरी

कुछ दिन पहले मुख्यमंत्री ने बाड़मेर रिफाइनरी में अप्रैल 2025 तक उत्पादन शुरू होने की बात कही थी, लेकिन अब बजट में इसे अगस्त 2025 कर दिया गया है। इसके अलावा पेट्रो कजोन को लेकर कोई घोषणा नहीं की गई, जिससे साफ है कि सरकार इस परियोजना को लेकर गंभीर नहीं है।

ERCP योजना पर केंद्र सरकार की चुप्पी

गहलोत ने ERCP योजना को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने ERCP के बजाय PKC-ERCP योजना पेश करने का तर्क दिया था कि केंद्र सरकार 90% फंडिंग करेगी, जबकि राजस्थान और मध्यप्रदेश को 5-5% राशि देनी होगी। लेकिन अब राज्य सरकार ने इसके लिए 9 हजार 500 करोड़ रुपए के बजट की घोषणा की है, जिससे यह स्पष्ट है कि केंद्र ने इस योजना को लेकर कोई बजट नहीं दिया है।

गिग वर्कर्स को लेकर भी सिर्फ घोषणाएं

गहलोत ने कहा कि पिछले बजट में गिग वर्कर्स के लिए 250 करोड़ के फंड की घोषणा की गई थी, लेकिन वह राशि जारी नहीं हुई। अब इस बार इसे 350 करोड़ कर दिया गया है, लेकिन सरकार को इसे कागजी घोषणा तक सीमित न रखकर अमल में लाना चाहिए।

SC/ST कोष की राशि जारी नहीं हुई

इस बजट में SC/ST कोष की राशि बढ़ाकर 1,750 करोड़ कर दी गई है, लेकिन 2024-25 के बजट में घोषित 1,500 करोड़ की राशि भी अब तक जारी नहीं हुई। यह भाजपा सरकार की दलितों और आदिवासियों के प्रति उदासीनता को दर्शाता है।


उन्होंने कहा कि राजस्थान सरकार का बजट पूरी तरह से "मोदी की गारंटी" पर भारी पड़ रहा है। भाजपा सरकार चुनावी वादों को पूरा करने में असफल रही है और इस बजट से स्पष्ट होता है कि राजस्थान की जनता को केवल झूठे वादों के सहारे भ्रमित किया जा रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed