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Jaipur News: राजस्थान विश्वविद्यालय में RSS कार्यक्रम का NSUI ने किया विरोध, पुलिस ने किया हल्का बल प्रयोग

Tue, 30 Sep 2025 11:30 PM IST
जयपुर ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर Published by: जयपुर ब्यूरो Updated Tue, 30 Sep 2025 11:30 PM IST
सार

Jaipur News: राजस्थान विश्वविद्यालय परिसर में आयोजित RSS कार्यक्रम का NSUI ने विरोध किया। प्रदेशाध्यक्ष विनोद जाखड़ के नेतृत्व में प्रदर्शनकारियों ने बैनर-पोस्टर हटाए। पुलिस ने हल्का बल प्रयोग कर कई कार्यकर्ताओं को खदेड़ा।

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Jaipur News: NSUI protested the RSS event at Rajasthan University, tore posters, and police used mild force.
पुलिस ने मौके पर संभाली स्थिति - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

जयपुर स्थित राजस्थान विश्वविद्यालय परिसर में मंगलवार को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) के कार्यक्रम का नेशनल स्टूडेंट्स यूनियन ऑफ इंडिया (NSUI) ने विरोध किया। प्रदेश अध्यक्ष विनोद जाखड़ के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन करते हुए RSS की सांप्रदायिक विचारधारा के खिलाफ नारे लगाए और कार्यक्रम स्थल पर जाकर संघ के बैनर एवं पोस्टर हटाए।

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NSUI का कहना है कि विश्वविद्यालय ज्ञान, वैज्ञानिक सोच और समावेशी विचारधारा का केंद्र होते हैं, न कि किसी राजनीतिक या सांप्रदायिक संगठन का मंच। RSS जैसे संगठन का विश्वविद्यालय परिसर में कार्यक्रम आयोजित करना संविधान की मूल भावना, शैक्षणिक स्वायत्तता और लोकतांत्रिक मूल्यों का उल्लंघन है।
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प्रदर्शन के दौरान NSUI कार्यकर्ताओं पर पुलिस ने हल्का बल प्रयोग करते हुए खदेड़ा इस कार्रवाई में कुछ छात्र कार्यकर्ता घायल हो गए। घायलों को SMS अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है। संगठन ने पुलिस की इस कार्रवाई को बर्बर और अलोकतांत्रिक बताया है।
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NSUI प्रदेशाध्यक्ष विनोद जाखड़ ने कहा कि जिस विश्वविद्यालय में छात्रों के हाथों में क़लम और किताबें होनी चाहिए, वहां विचारों की स्वतंत्रता को कुचलने के लिए हथियारों और उग्र राष्ट्रवाद की पूजा की जा रही है। यह शिक्षा के मंदिरों का राजनीतिक हथियाकरण है, जिसे किसी भी सूरत में स्वीकार नहीं किया जा सकता।

NSUI ने दोहराया कि वह हर प्रकार की सांप्रदायिकता, वैचारिक कट्टरता और लोकतांत्रिक संस्थाओं के दमन के खिलाफ संघर्ष करता रहेगा। संगठन का यह आंदोलन संविधान, लोकतंत्र और शिक्षा की स्वतंत्रता की रक्षा के लिए जारी रहेगा।

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