{"_id":"641f9b565c77deb6050ab253","slug":"earthquake-of-magnitude-4-2-hit-bikaner-in-rajasthan-2023-03-26","type":"story","status":"publish","title_hn":"Earthquake: राजस्थान में महसूस किए गए भूकंप के झटके, रिक्टर स्केल पर 4.2 दर्ज हुई तीव्रता","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Earthquake: राजस्थान में महसूस किए गए भूकंप के झटके, रिक्टर स्केल पर 4.2 दर्ज हुई तीव्रता
Mon, 27 Mar 2023 12:05 AM IST
Jeet Kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बीकानेर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, बीकानेर
Published by: Jeet Kumar
Updated Mon, 27 Mar 2023 12:05 AM IST
सार
रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता 4.2 मापी गई है। नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी ने भूकंप से किसी तरह के जान-माल के नुकसान की पुष्टि नहीं की है।
विज्ञापन
Earthquake : भूकंप के झटके महसूस होते ही सबसे पहले करें ये काम
- फोटो : Amar Ujala
विस्तार
राजस्थान के बीकानेर में रविवार सुबह भूकंप के झटके महसूस किए गए। नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी (एनसीएस) के मुताबिक, भूकंप के झटके सुबह लगभग 6.30 बजे महसूस किए गए। रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता 4.2 मापी गई है। नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी ने भूकंप से किसी तरह के जान-माल के नुकसान की पुष्टि नहीं की है।
विज्ञापन
विज्ञापन
इससे पहले अरुणाचल प्रदेश के चांगलांग में भी रविवार को भूकंप के झटके महसूस किए गए। नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी (एनसीएस) के मुताबिक, भूकंप के झटके सुबह लगभग 2.18 बजे महसूस किए गए। रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता 3.5 मापी गई।
विज्ञापन
नेशनल जियो फिजिकल रिसर्च इंस्टीट्यूट ने चेताया
- हैदराबाद स्थित एनजीआरआई के मुख्य वैज्ञानिक डॉ. पूर्णचंद्र राव का कहना है कि धरती की परत कई प्लेट्स से मिलकर बनी है और इन प्लेट्स में लगातार विचलन होता रहता है। भारतीय प्लेट्स हर साल पांच सेंटीमीटर तक खिसक गई हैं और इसकी वजह से हिमालय क्षेत्र में काफी तनाव बढ़ गया है। इसी के चलते हिमालय क्षेत्र में भारी भूकंप आ सकता है।
- डॉ. पूर्णचंद्र राव ने कहा कि हिमाचल प्रदेश, नेपाल के पश्चिमी हिस्से और उत्तराखंड में भूकंप आ सकता है। रिक्टर स्केल पर इस भूकंप की तीव्रता 8 रह सकती है।
- इस बीच नेशनल जियो फिजिकल रिसर्च इंस्टीट्यूट (NGRI) के वैज्ञानिक ने दावा किया है कि हिमालय क्षेत्र में जल्द ही बड़ा भूकंप आ सकता है। उन्होंने कहा कि भूकंप की तीव्रता काफी हो सकती है, जो क्षेत्र में भारी तबाही ला सकता है। हालांकि उन्होंने ये भी कहा कि संरचनाओं को मजबूत करके जान-माल के नुकसान को कम किया जा सकता है।