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Rajasthan Politics: किरोड़ीलाल मीणा ने अपने मंत्री पद को लेकर किया खुलासा, बोले- नहीं जाता तो जनता बोलती...
Thu, 22 Aug 2024 06:53 PM IST
अरविंद कुमार
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, दौसा
न्यूूज डेस्क, अमर उजाला, दौसा
Published by: अरविंद कुमार
Updated Thu, 22 Aug 2024 06:53 PM IST
सार
सवाई माधोपुर विधायक डॉ. किरोड़ीलाल मीणा ने स्वीकार किया, मंत्री रहते हुए यदि मैं जनता के बीच जाकर बाढ़ के हालातों का जायजा नहीं लेता तो लोग मुझे क्या कहते? इसलिए मैं सदा काम करने के लिए तैयार हूं। ये बातें मीणा ने दौसा में आयोजित बीजेपी की बैठक के बाद मीडिया से बात करते हुई कही।
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किरोड़ीलाल मीणा
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
लगता है अब डॉ. किरोड़ीलाल मीणा का मंत्री पद छोड़ने का वनवास खत्म हो गया है। इसीलिए गुरुवार को भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मदन सिंह राठौड़, राजस्थान के उप मुख्यमंत्री प्रेमचंद बैरवा, पूर्व मंत्री प्रभुलाल सैनी, बीजेपी प्रदेश सह प्रभारी विजया रहाटकर सहित भाजपा के कई नेता दौसा विधानसभा उपचुनाव की तैयारी के लिए दौसा पहुंचे। जहां भाजपा के तमाम नेताओं ने एक सुर में दौसा विधानसभा उपचुनाव को जीतने का बिगुल फूंका।
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इस मौके पर मीडिया से बात करते हुए किरोड़ीलाल मीणा ने कहा कि मैं मंत्री नहीं होता, तब भी जनता के दुख दर्द समझने के लिए सदा काम करता हूं और अब मैं मंत्री हूं। इसलिए मैंने पिछले दिनों बाढ़ के दौरान राजस्थान के कई जिलों के दौरे किए। यदि ऐसे समय में मैं लोगों के हाल-चाल जानने और मदद के लिए नहीं जाता तो लोग कहते कि कैसा मंत्री है, जो हम लोगों के इस संकट के बीच में हाल-चाल जानने भी नहीं आया।
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यानी की अब बिल्कुल सीधे शब्दों में यह कहा जा सकता है कि डॉक्टर किरोड़ीलाल मीणा का मंत्री पद का वनवास शायद खत्म हो चुका है। इसीलिए मंत्री मीणा ने स्पष्ट किया है कि अभी तक उनका इस्तीफा मंजूर नहीं हुआ है और वह आपदा एवं प्रबंधन मंत्री होने के नाते लोगों के हाल जानने के लिए इस बाढ़ के संकट के बीच में गए थे। यदि वह नहीं जाते तो लोग उन्हें यह कहते कि कैसा आपदा एवं प्रबंधन मंत्री है, जो खुद के विभाग के लिए काम नहीं कर रहा।