जानवर बना इंसान : बीकानेर में ऊंट को पेड़ से बांधकर मरते दम तक लाठी-डंडों से पीटा, जानिए क्या है मामला
बीकानेर के नोखा में ऊंट के हमले से मालिक की मौत से गुस्साए लोगों ने पेड़ से बांधकर पीट पीटकर ऊंट की हत्या कर दी। ऊंट ने अपने ही मालिक की गर्दन को मुंह से दबोच लिया था।
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एक जानवर की गलती की सजा इंसानों ने खुद जानवर बनकर दी। बीकानेर के नोखा में एक ऐसा ही मामला सामने आया है। यहां एक ऊंट की गर्दन पेड़ में फंसाकर डंडे से पीट-पीटकर उसकी हत्या कर दी गई। ऊंट की गर्दन को पेड़ में बांधकर लोगों ने लाठी और डंडे से तब तक पीटा जब तक उसकी मौत नहीं हो गई। ग्रामीणों ने एक जानवर पर इस कदर गुस्सा इसलिए निकाला क्योंकि ऊंट ने अपने मालिक की गर्दन को मुंह से दबोच लिया था। इस हादसे में व्यक्ति की मौत हो गई थी। उसके शव को पांचू सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के मॉर्च्युरी में रखवाया गया है।
जानकारी के अनुसार नोखा के वृत का पांचू गांव में सोहनराम नायक(45) सोमवार शाम को गांव से ऊंट गाड़ी लेकर ढाणी पहुंचा था। फिर ऊंट को खेत में ले जा रहा था। इस दौरान ऊंट ने मालिक सोहनराम की गर्दन पकड़ ली। इससे सोहनराम जमीन पर गिर गया। इतने में पड़ोसी भंवरलाल मेघवाल, सोहनराम के पिता मोहनराम ने ऊंट को दूर किया लेकिन तब तक सोहनराम की मौत हो गई। घटना के बाद पांचू पुलिस मौके पर पहुंची तथा मृतक सोहनराम के शव को पांचू सीएचसी की मॉर्च्युरी में रखवाया। वहीं, घटना के बाद जमा भीड़ ने ऊंट को पीट-पीट कर मार डाला। आक्रोशित लोगों का कहना है कि अगर ऊंट जिंदा रहता तो वह और कई लोगों को नुकसान पहुंचाता।
मामले की जांच में जुटी पुलिस
लोगों ने बताया कि सोहनराम ने 20 दिन पहले ही ऊंट खरीदा था। उसको ऊंट के स्वभाव की पहचान नहीं थी। ऊंट स्वभाव से हिंसक था। थानाधिकारी मनोज यादव ने बताया कि सोहनराम के शव का पोस्टमार्टम करवाया जा रहा है। ऊंट की हत्या के मामले की भी जांच की जा रही है।