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मंत्री ने हड़पी कब्रिस्तान की जमीन!
समीर शर्मा/अमर उजाला, जयपुर
Updated Tue, 25 Feb 2014 10:09 PM IST
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यूपीए सरकार में केन्द्रीय रक्षा राज्य मंत्री जितेन्द्र सिंह राजस्थान के अलवर में एक कब्रिस्तान की जमीन को गलत तथ्य पेश कर अपने नाम करवाने के मामले में फंसते नजर आ रहे हैं। राजस्थान के भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) ने परिवाद दर्ज कर लिया है और जांच के लिए अलवर स्थित अपने कार्यालय को निर्देश दिए हैं। जितेन्द्र सिंह अलवर से ही सांसद हैं।
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मामले के तहत जितेन्द्र सिंह के खिलाफ अलवर में कब्रिस्तान की जमीन को गलत तथ्य पेश कर अपने नाम कराने का आरोप है। इस संबंध में आरटीआई कार्यकर्ता अशोक पाठक की ओर से 27 जनवरी को एसीबी डी.जी. मनोज भट्ट के समक्ष परिवाद पेश किया गया था।
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मामले में डीजी मनोज भट्ट ने आगामी कार्रवाई के लिए परिवाद को अलवर में जांच के लिए भेज दिया है। मामले के तहत सांसद सिंह ने अलवर स्थित एक जमीन पर दावा पेश करते हुए वर्ष 1998 में एक याचिका एसडीएम के समक्ष लगाई थी। इस पर सुनवाई के बाद दावे को खारिज कर दिया गया।
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बाद में पुन: इस संबंध में वर्ष 2000 में याचिका लगाई गई, जिसे करीब पांच साल सुनवाई के बाद एसडीएम ने जून 2005 में खारिज कर दिया था। वर्ष 2009 में जितेंद्र सिंह ने अपने वकील के जरिए एक बार फिर याचिका लगाकर इस मामले पर सुनवाई की अपील की।
उन्होंने अपील में हवाला दिया कि मामले की काफी लंबे समय से सुनवाई नहीं हुई है, इसलिए इसे वापस शुरू किया जाए। मामले में एसडीएम नारायण सिंह ने सुनवाई के बाद फैसला जितेंद्र सिंह के पक्ष में दे दिया।
परिवाद में लगाए गए आरोप
इस मामले को पहले सुनवाई के बाद खारिज कर दिया गया था। लेकिन वकील के जरिए मामला फिर शुरू होने के बाद अदालत से संबंधित सारे कागज गायब कर दिए गए।
यही नहीं मामले में पेश हुए चार प्रमुख गवाहों ने इस जमीन को कब्रिस्तान के लिए दिया जाना बताया था। इसके बाद भी एसडीएम ने बिना किसी पक्ष की परवाह किए सिंह के पक्ष में निर्णय कर दिया।