Rajasthan: फर्जीवाड़ा कर करोड़ों की जमीन बेचने वाले गिरोह का भंडाफोड़, तीन आरोपी गिरफ्तार
परिवादी ने पुलिस को बताया कि आरोपियों ने उसकी मृत दादी की जमीन फर्जीवाड़ा कर रजिस्ट्री करवा ली और बेच दी। पुलिस ने इस मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। उनपर पहले से ही कई केस दर्ज हैं।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
अजमेर की सिविल लाइन थाना पुलिस ने करोड़ों रुपए की कीमत जमीन फर्जी दस्तावेज और डमी मालकिन के जरिए बेचने का मामला सामने आया है। पुलिस ने इस मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
सिविल लाइन थानाधिकारी दलबीर सिंह फौजदार ने बताया कि मुख्य आरोपी भीलवाड़ा निवासी कन्हैयालाल के खिलाफ फर्जी दस्तावेज से जमीन की खरीद-फरोख्त के कई प्रकरण पूर्व में दर्ज हैं। गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ की जा रही है। थानाधिकारी दलबीर सिंह ने बताया कि हिमांशु ने शिकायत दर्ज कराई थी कि उसकी दादी विमलादेवी के नाम ढाई बीघा जमीन है। दादी का निधन 2014 में हो चुका है लेकिन अज्ञात लोगों ने पिछले दिनों दादी के नाम से फर्जी दस्तावेज तैयार कर डमी महिला को दादी बताते हुए रजिस्ट्रार ऑफिस में पेश किया और जमीन बेच दी। मौजूदा समय में जमीन की वास्तविक कीमत करीब तीन करोड़ रुपए है।
पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर मामले में जांच की। रजिस्ट्रार आफिस से जमीन से संबंधित दस्तावेज प्राप्त कर जांच की तो फर्जीवाड़ा उजागर हो गया। जांच में सामने आया कि परिवादी हिमांशु की दादी कायस्थ मोहल्ला निवासी विमला देवी आचार्य पत्नी रामधन का 13 अप्रैल 2014 को निधन हो चुका है। आरोपी कन्हैयालाल उर्फ बबलू ने अपने साथियों के साथ मिलकर उक्त जमीन के फर्जी दस्तावेज तैयार कराए और पवन कुमार जैन को बेच दी। आरोपी दिनेश चंद्र शर्मा की दादी बिजयनगर निवासी विमला देवी उर्फ धापू को फर्जी विमला देवी आचार्य बनाकर उसके फर्जी आधार कार्ड, पेन कार्ड बनवाए और मृतक विमला देवी के नाम से 20 सितंबर को जमीन की रजिस्ट्री पवन कुमार जैन के नाम करवा दी। उक्त रजिस्ट्री में गवाह के तौर पर आरोपी सूर्यप्रकाश शर्मा और मधु यादव ने भी हस्ताक्षर किए।
पवन जैन ने बिजयनगर निवासी विमला देवी के नाम 38 लाख रुपए का चैक भी दिया। यह राशि आरोपियों ने विमला देवी के खाते से ऑनलाइन ट्रांजेक्शन कर अपने खातों में जमा कर हड़प ली। जिस पर पुलिस ने आरोपी कन्हैयालाल(40), दिनेश चंद्र शर्मा (43) और सूर्यप्रकाश शर्मा(30) को गिरफ्तार किया गया है। वही पुलिस गिरफ्तार आरोपियों की कुंडली खंगालने में जुटी है जिससे यह पता लगाया जा सके कि आरोपियों ने इससे पूर्व में भी किसी के साथ फर्जीवाड़ा किया है।