{"_id":"0bf4c6c0e7e332164d5de43067b92500","slug":"punjab-congress-pratap-singh-bajwa-bikram-singh-majithiya","type":"story","status":"publish","title_hn":"पंजाब कांग्रेस 16 को करेगी चक्का जाम ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पंजाब कांग्रेस 16 को करेगी चक्का जाम
Updated Tue, 14 Jan 2014 01:19 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ड्रग्स रैकेट के मुख्य आरोपी जगदीश भोला द्वारा कैबिनेट मंत्री बिक्रम सिंह मजीठिया का नाम लिए जाने के बाद पूरे मामले की सीबीआई से जांच कराने की मांग को लेकर पंजाब कांग्रेस ने राज्यव्यापी आंदोलन छेड़ने की तैयारी कर ली है।
आंदोलन की शुरुआत 16 जनवरी को राज्य भर में चक्का जाम से होगी। पार्टी के प्रदेश प्रधान प्रताप सिंह बाजवा ने कहा है कि लोगों की सुविधा को देखते हुए दोपहर 12 से 2 बजे तक सिर्फ दो घंटे तक ट्रैफिक जाम किया जाएगा।
पहले तीन घंटे जाम लगाने की योजना बनाई गई थी। उन्होंने बताया कि 19 जनवरी से कांग्रेस भवन के बाहर भूख हड़ताल शुरू होगी।
पहले दिन वह खुद भूख हड़ताल पर बैठेंगे। उसके बाद रोजाना दो विधानसभा हलकों से 11-11 लोग भूख हड़ताल पर बैठेंगे। उनके साथ उन हलकों करीब सौ वर्कर भी होंगे।
विज्ञापन
भूख हड़ताल के दौरान कलाकारों द्वारा नशा जागरूकता कार्यक्रम का मंचन किया जाएगा। रोजाना शाम को चंडीगढ़ सेक्टर-17 प्लाजा में कैंडल मार्च निकाला जाएगा।
बाजवा ने कहा कि भोला द्वारा मजीठिया का नाम लिए जाने के बाद इस मामले में कार्रवाई के लिए मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल को पत्र लिखकर उन्होंने सात दिन का समय दिया है।
समय सीमा खत्म होने के बाद 15 जनवरी को पार्टी हाईकोर्ट में जनहित याचिका भी दायर करेगी। बाजवा ने बताया कि सभी सियासी, धार्मिक और सामाजिक संगठनों को भी पत्र लिखकर आंदोलन में शामिल होने का न्योता दिया गया है।
कैप्टन का नाम लिए बगैर बाजवा ने किए वार
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष प्रताप सिंह बाजवा ने पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह द्वारा हाईकमान को लिखे पत्र पर कुछ भी कहने से इंकार कर दिया।
आंदोलन के मुद्दे पर पार्टी में फूट के सवाल पर उन्होंने कैप्टन का नाम लिए बगैर कहा कि यह बात किसी और से पूछें।
पार्टी महासचिव शकील अहमद कह चुके हैं कि पार्टी आंदोलन के साथ है।
कैप्टन की अपनी निजी राय हो सकती है, पर यह पार्टी की राय है।
बाजवा ने कहा कि मुझ पर आरोप लगाया जा रहा है कि में जांच लटकाना चाहता हूं, जबकि इस मामले हर पार्टी ने सीबीआई जांच की मांग की है।
जब कांग्रेसियों पर परचे हुए, चुनाव में पुलिस और विजिलेंस ने कांग्रेस विरोधियों पर पैसे बांटें, तब कहते थे कि पंजाब पुलिस गलत है, भरोसा नहीं कर सकते। अब पंजाब पुलिस पर भरोसा है।
भोला के इस कबूलनामे से गरमाई सियासत
ड्रग्स रैकेट के मुख्य आरोपी जगदीश भोला ने कुछ दिन पहले पेशी के दौरान कोर्ट परिसर में पत्रकारों से बातचीत करते हुए कैबिनेट मंत्री बिक्रम सिंह मजीठिया का मास्टरमाइंड के तौर पर नाम लेकर सनसनी फैला दी थी।
उसके बाद पंजाब की सारी सियासत इसी मुद्दे पर सिमट गई है। सोमवार को भी सियासी हलकों में यही मुद्दा छाया रहा।
प्रदेश कांग्रेस प्रधान प्रताप सिंह बाजवा ने केस की सीबीआई जांच की मांग को लेकर आंदोलन का ऐलान किया तो पूर्व सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह ने जांच सीबीआई को न देने की बात दोहराई।
उधर, अकालियों ने बाजवा के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए उन्हें ड्रग्स तस्करों का सियासी चेहरा बता दिया।
विज्ञापन
आंदोलन की शुरुआत 16 जनवरी को राज्य भर में चक्का जाम से होगी। पार्टी के प्रदेश प्रधान प्रताप सिंह बाजवा ने कहा है कि लोगों की सुविधा को देखते हुए दोपहर 12 से 2 बजे तक सिर्फ दो घंटे तक ट्रैफिक जाम किया जाएगा।
विज्ञापन
पहले तीन घंटे जाम लगाने की योजना बनाई गई थी। उन्होंने बताया कि 19 जनवरी से कांग्रेस भवन के बाहर भूख हड़ताल शुरू होगी।
पहले दिन वह खुद भूख हड़ताल पर बैठेंगे। उसके बाद रोजाना दो विधानसभा हलकों से 11-11 लोग भूख हड़ताल पर बैठेंगे। उनके साथ उन हलकों करीब सौ वर्कर भी होंगे।
विज्ञापन
भूख हड़ताल के दौरान कलाकारों द्वारा नशा जागरूकता कार्यक्रम का मंचन किया जाएगा। रोजाना शाम को चंडीगढ़ सेक्टर-17 प्लाजा में कैंडल मार्च निकाला जाएगा।
बाजवा ने कहा कि भोला द्वारा मजीठिया का नाम लिए जाने के बाद इस मामले में कार्रवाई के लिए मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल को पत्र लिखकर उन्होंने सात दिन का समय दिया है।
समय सीमा खत्म होने के बाद 15 जनवरी को पार्टी हाईकोर्ट में जनहित याचिका भी दायर करेगी। बाजवा ने बताया कि सभी सियासी, धार्मिक और सामाजिक संगठनों को भी पत्र लिखकर आंदोलन में शामिल होने का न्योता दिया गया है।
कैप्टन का नाम लिए बगैर बाजवा ने किए वार
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष प्रताप सिंह बाजवा ने पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह द्वारा हाईकमान को लिखे पत्र पर कुछ भी कहने से इंकार कर दिया।
आंदोलन के मुद्दे पर पार्टी में फूट के सवाल पर उन्होंने कैप्टन का नाम लिए बगैर कहा कि यह बात किसी और से पूछें।
पार्टी महासचिव शकील अहमद कह चुके हैं कि पार्टी आंदोलन के साथ है।
कैप्टन की अपनी निजी राय हो सकती है, पर यह पार्टी की राय है।
बाजवा ने कहा कि मुझ पर आरोप लगाया जा रहा है कि में जांच लटकाना चाहता हूं, जबकि इस मामले हर पार्टी ने सीबीआई जांच की मांग की है।
जब कांग्रेसियों पर परचे हुए, चुनाव में पुलिस और विजिलेंस ने कांग्रेस विरोधियों पर पैसे बांटें, तब कहते थे कि पंजाब पुलिस गलत है, भरोसा नहीं कर सकते। अब पंजाब पुलिस पर भरोसा है।
भोला के इस कबूलनामे से गरमाई सियासत
ड्रग्स रैकेट के मुख्य आरोपी जगदीश भोला ने कुछ दिन पहले पेशी के दौरान कोर्ट परिसर में पत्रकारों से बातचीत करते हुए कैबिनेट मंत्री बिक्रम सिंह मजीठिया का मास्टरमाइंड के तौर पर नाम लेकर सनसनी फैला दी थी।
उसके बाद पंजाब की सारी सियासत इसी मुद्दे पर सिमट गई है। सोमवार को भी सियासी हलकों में यही मुद्दा छाया रहा।
प्रदेश कांग्रेस प्रधान प्रताप सिंह बाजवा ने केस की सीबीआई जांच की मांग को लेकर आंदोलन का ऐलान किया तो पूर्व सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह ने जांच सीबीआई को न देने की बात दोहराई।
उधर, अकालियों ने बाजवा के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए उन्हें ड्रग्स तस्करों का सियासी चेहरा बता दिया।