फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Punjab ›   Patiala News ›   Sangrur police have registered an FIR against charge: Dr. Verka

संगरूर थाना इंचार्ज के खिलाफ एफआईआर दर्ज हो : डा. वेरका

Sun, 03 Jan 2016 03:10 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, पटियाला
ब्यूरो/अमर उजाला, पटियाला Updated Sun, 03 Jan 2016 03:10 PM IST
विज्ञापन
Sangrur police have registered an FIR against charge: Dr. Verka
राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग के उपाध्यक्ष डा. राजकुमार वेरका ने संगरूर थाने में दलित पर हुए टॉर्चर मामले का कड़ा नोटिस लेते हुए थाना इंचार्ज के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने के निर्देश जारी किए।
विज्ञापन


साथ ही वेरका ने संगरूर पुलिस व प्रशासन को शराब ठेकेदार के कारिंदे को जल्द गिरफ्तार करके 15 दिन के अंदर मामले की पूरी एक्शन टेकन रिपोर्ट आयोग को सौंपने की सख्त हिदायतें जारी कर दीं।
विज्ञापन


डा. वेरका शनिवार को पटियाला के सर्किट हाउस पहुंचे हुए थे। वहां उनके सामने तलबी नोटिस के जवाब में आईजी पटियाला जोन नौनिहाल सिंह, डीआईजी बलकार सिंह सिद्धू, संगरूर के एसएसपी प्रितपाल सिंह थिंद, एडीसी संगरूर अरविंद कुमार पेश हुए।
विज्ञापन
विज्ञापन


बाद में डा. वेरका राजिंदरा अस्पताल में उपचाराधीन पीड़ित दलित मंगा सिंह से भी मिले। जहां पर मंगा सिंह के बयान रिकार्ड किए गए। इससे पहले सर्किट हाउस में डीआईजी बलकार सिंह सिद्धू ने डा. वेरका को बताया कि शराब ठेकेेदार के कारिंदे को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

अपने बयान में पीड़ित दलित मंगा सिंह ने डा. वेरका को बताया कि जब उसके साथ अमानवीय व्यवहार किया और पीटा गया, थाना इंचार्ज वहां था। उसकी हालत खराब होने पर वह अपनी गाड़ी में बैठकर चला गया। मंगा ने आरोप लगाया कि थाना इंचार्ज उसे अस्पताल में पांच हजार रुपये देने के लिए आया था, लेकिन उसने नहीं लिए।

डा. वेरका ने बताया कि  संगरूर के रहने वाले दलित मंगा सिंह को थाना सिटी संगरूर में तैनात हेडकांस्टेबल भोला सिंह, दो होमगार्ड मुलाजिम और शराब ठेकेदार का कारिंदा बुधवार शाम को उसके चिकन के खोखे से उठाकर थाने ले गए थे।

तीन घंटे के बाद दलित के वार्ड के पार्षद ने आकर उसे छुड़वाया और अस्पताल में दाखिल कराया था। डा. वेरका ने कहा कि पुलिस की ओर से मंगा सिंह पर नाजायज शराब की तस्करी का आरोप लगाया जा रहा है। मंगा से गुनाह को कबूल कराने के लिए उसे टॉर्चर किया गया।

उधर, पंजाब राज्य अनुसूचित जाति आयोग के चेयरमैन राजेश बाघा ने शनिवार को राजिंदरा अस्पताल में जाकर मंगा सिंह से मिलकर उसका हालचाल पूछा। बाघा ने कहा कि पीड़ित का सारा इलाज मुफ्त किया जाएगा।


साथ ही उन्होंने अधिकारियों को हिदायत की कि पीड़ित के परिवार को उचित मुआवजा देने संबंधी फौरी कदम उठाए जाएं। आयोग की ओर से जल्द ही गृह विभाग और डीजीपी के साथ बैठक की जाएगी और पुलिस की कार्रवाई दौरान अधिक पारदर्शिता लाने के लिए उचित कदम उठाने की हिदायत की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed