फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Punjab ›   Patiala News ›   Powercom gave 25 percent more power in March compared to the previous year

पावरकॉम ने गर्त वर्ष के मुकाबले मार्च में 25 फीसदी अधिक बिजली दी

Fri, 01 Apr 2022 10:18 PM IST
Punjab Bureau पंजाब ब्‍यूरो
Updated Fri, 01 Apr 2022 10:18 PM IST
विज्ञापन
Powercom gave 25 percent more power in March compared to the previous year
पटियाला। पंजाब के थर्मल प्लांटों में सरकार व पावरकाम मैनेजमेंट के लगातार दावों के बावजूद कोयले का संकट बना है। लेकिन इस विकट समस्या के बीच पावरकाम ने मार्च 2022 के दौरान 8490 मेगावाट बिजली की अधिकतम मांग को पूरा किया है, जो मार्च 2021 में रही 7455 मेगावाट के मुकाबले 14 प्रतिशत अधिक है। पावरकाम ने मार्च 2022 के दूसरे मध्य दौरान 16869 लाख यूनिट बिजली की सप्लाई की है, जो पिछले साल के दौरान 13452 लाख यूनिट की आपूर्ति के मुकाबले 25 प्रतिशत अधिक है।
विज्ञापन

पावरकाम के प्रवक्ता के मुताबिक पंजाब के थर्मल व हाइडल प्लांटों खास तौर से 110 मेगावाट के शानन हाइडल प्रोजेक्ट जोगिंदर नगर, जिसने मार्च 2022 के दौरान सबसे अधिक मासिक उत्पादन 471 लाख यूनिट किया। यह पिछले 24 वर्षों में एक माह में अब तक का सबसे अधिक उत्पादन है। मार्च 2022 के दौरान शानन में उत्पादन मार्च 2021 (118 लाख यूनिट) की तुलना में 300 प्रतिशत अधिक है।
विज्ञापन

साथ ही मार्च 2022 के दौरान पावरकाम ने बैंकिंग के लिए तमिलनाडु, तेलंगाना, अरुणाचल प्रदेश, मेघालय, मध्यप्रदेश, हिमाचल प्रदेश, मणिपुर, महाराष्ट्र और पश्चिम बंगाल राज्यों को सबसे अधिक 961 मेगावाट बिजली सप्लाई की, जो गत वर्ष के 701 मेगावाट से अधिक 37 प्रतिशत अधिक बैंकिंग है। बदले में धान की रोपाई के दौरान 2300 मेगावाट तक की बिजली वापस मिलेगी।
विज्ञापन
विज्ञापन

मार्च 2022 दौरान रोजाना औसत मांग 7400 मेगावाट दर्ज की गई। पिछले साल यह मांग 6300 मेगावाट रही थी। आने वाले धान के सीजन दौरान अधिकतम मांग 15000 मेगावाट रहने का अनुमान है और पावरकाम ने अपने उपलब्ध साधनों के अलावा बिजली की मांग को पूरा करने के लिए बैंकिंग, सेंटर पूल से बिजली की अधिक सप्लाई, शार्ट टर्म खरीद समझौते, पावर एक्सचेंज से रोजाना के आधार पर खरीददारी के लिए प्रबंध किए हैं।

वहीं इस साल पौंग, भाखड़ा और आरएसडी जल भंडारों में पानी का स्तर पिछले साल के मुकाबले क्रमवार 23.53 फुट, 34.02 फुट और 8.99 मीटर अधिक है। साथ ही ई नीलामी के जरिये कोयले की कमी को दूर करने का प्रयास किया जा रहा है। पछवाडा कोयला खान को चालू करने पर भी जोर दिया जा रहा है, जो पावरकाम की अपनी खुद की खान है। जिससे खेताबाड़ी ट्यूबवेलों को आने वाले पैडी सीजन में निर्विघ्न आठ घंटे बिजली सप्लाई दी जा सके।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed