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पटियाला के गांवों के झोलाछाप डॉक्टरों को सेहत विभाग ने दी चेतावनी
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पटियाला। पटियाला जिले के गांवों में अब कोरोना का संक्रमण फैलता जा रहा है। जिले के गांव अजनौदा कलां , लौट और मंडवाल में ज्यादा केस आने के कारण यहां प्रभावित इलाकों में माइक्रो कंटेंमेंट जोन बना दिए गए हैं। वहीं गांवों में बढ़ते कोरोना के प्रभाव के मद्देनजर सेहत विभाग ने गांवों के झोलाछाप डाक्टरों को सख्त चेतावनी जारी की है कि कोविड लक्षणों वाले मरीजों का इलाज वह अपने स्तर पर न करें, बल्कि गाइडलाइन का पालन करें।
जिले के ग्रामीण इलाकों मेें कोरोना लगातार अपने पांव पसार रहा है। रविवार को समाना में 9 कोरोना केस पाए गए, वहीं भादसों ब्लाक में 28, ब्लाक कौली में 29, कालोमाजरा में 30, शुतराणा में 22, हरपालपुर में 18, दूधनसाधां में 13 कोविड केस रिपोर्ट हुए। खास तौर से गांव मंडवाल, लौट और अजनौदा में काफी गिनती में पॉजिटिव केस पाए गए। जिसके बाद इन तीनों गांवों के प्रभावित गांवों में माइक्रो कंटेंमेंट जोन बना दिए गए हैं।
उधर, सेहत विभाग ने गांवों में काम कर रहे आरएमपी व झोलाछाप डाक्टरों को हिदायत दी है कि वह कोविड लक्षणों वाले मरीजों की बिना कोविड जांच के इलाज न करें। सिविल सर्जन डा. सतिंदर सिंह के मुताबिक बिना जांच मरीजों के इलाज के लिए इस्तेमाल की जा रही दवाएं मरीजों को नुकसान पहुंचा सकती हैं। सीएमओ ने झोलाछाप डाक्टरों को कोविड लक्षणों वाले मरीजों की जांच करके गाइडलाइन अनुसार इलाज कराना यकीनी बनाने की हिदायत दी है।
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जिले के ग्रामीण इलाकों मेें कोरोना लगातार अपने पांव पसार रहा है। रविवार को समाना में 9 कोरोना केस पाए गए, वहीं भादसों ब्लाक में 28, ब्लाक कौली में 29, कालोमाजरा में 30, शुतराणा में 22, हरपालपुर में 18, दूधनसाधां में 13 कोविड केस रिपोर्ट हुए। खास तौर से गांव मंडवाल, लौट और अजनौदा में काफी गिनती में पॉजिटिव केस पाए गए। जिसके बाद इन तीनों गांवों के प्रभावित गांवों में माइक्रो कंटेंमेंट जोन बना दिए गए हैं।
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उधर, सेहत विभाग ने गांवों में काम कर रहे आरएमपी व झोलाछाप डाक्टरों को हिदायत दी है कि वह कोविड लक्षणों वाले मरीजों की बिना कोविड जांच के इलाज न करें। सिविल सर्जन डा. सतिंदर सिंह के मुताबिक बिना जांच मरीजों के इलाज के लिए इस्तेमाल की जा रही दवाएं मरीजों को नुकसान पहुंचा सकती हैं। सीएमओ ने झोलाछाप डाक्टरों को कोविड लक्षणों वाले मरीजों की जांच करके गाइडलाइन अनुसार इलाज कराना यकीनी बनाने की हिदायत दी है।
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