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असिस्टेंट डायरेक्टर को रिश्वत मामले में दो साल जेल
अमर उजाला, पटियाला
Updated Thu, 05 Dec 2013 11:18 PM IST
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पटियाला में सीबीआई के स्पेशल जज कंवलजीत सिंह ने वीरवार को रिश्वत लेने के एक मामले में लुधियाना स्थित डायरेक्टोरेट जनरल आफ फारेन ट्रेड के असिस्टेंट डायरेक्टर सीएस राव को दो साल कैद की सजा सुनाई। साथ ही 30 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया।
लुधियाना स्थित डायरेक्टोरेट जनरल आफफारेन ट्रेड का असिस्टेंट डायरेक्टर सीएस राव मूल रूप से आंध्र प्रदेश निवासी है। वह प्राइवेट पार्टियों को लाइसेंस देने और अन्य फारेन ट्रेड कागजात क्लीयर करने के लिए उनसे रिश्वत लेता था।
शिकायतकर्ता बिक्रम सिंह लुधियाना में जैसमीन एग्जिम प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के डायरेक्टर थे। वह अपने फारेन ट्रेड संबंधी कागजात क्लीयर कराने के लिए सीएस राव के पास आए।
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राव ने उनसे इस काम की एवज में रिश्वत मांगी। बिक्रम ने इस बातचीत को टेप रिकार्डर में रिकार्ड कर लिया था। उन्होंने सीबीआई के पास एफआईआर दर्ज कराई।
इसके बाद सीबीआई ने जाल बिछाकर दोषी राव को 10 जुलाई 2009 को 3000 रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया।
कोर्ट में सीबीआई ने इस केस में दोष साबित करने के लिए शिकायतकर्ता द्वारा टेप की गई आवाज को आरोपी की आवाज का सैंपल लेकर फोरेंसिक लैब से मिलान कराया।
वीरवार को कोर्ट ने इस केस में असिस्टेंट डायरेक्टर सीएस राव पर दोष साबित हो जाने के बाद दो साल की कैद की सजा सुनाई। साथ ही 30 हजार रुपये जुर्माना भी लगाया गया।
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लुधियाना स्थित डायरेक्टोरेट जनरल आफफारेन ट्रेड का असिस्टेंट डायरेक्टर सीएस राव मूल रूप से आंध्र प्रदेश निवासी है। वह प्राइवेट पार्टियों को लाइसेंस देने और अन्य फारेन ट्रेड कागजात क्लीयर करने के लिए उनसे रिश्वत लेता था।
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शिकायतकर्ता बिक्रम सिंह लुधियाना में जैसमीन एग्जिम प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के डायरेक्टर थे। वह अपने फारेन ट्रेड संबंधी कागजात क्लीयर कराने के लिए सीएस राव के पास आए।
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राव ने उनसे इस काम की एवज में रिश्वत मांगी। बिक्रम ने इस बातचीत को टेप रिकार्डर में रिकार्ड कर लिया था। उन्होंने सीबीआई के पास एफआईआर दर्ज कराई।
इसके बाद सीबीआई ने जाल बिछाकर दोषी राव को 10 जुलाई 2009 को 3000 रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया।
कोर्ट में सीबीआई ने इस केस में दोष साबित करने के लिए शिकायतकर्ता द्वारा टेप की गई आवाज को आरोपी की आवाज का सैंपल लेकर फोरेंसिक लैब से मिलान कराया।
वीरवार को कोर्ट ने इस केस में असिस्टेंट डायरेक्टर सीएस राव पर दोष साबित हो जाने के बाद दो साल की कैद की सजा सुनाई। साथ ही 30 हजार रुपये जुर्माना भी लगाया गया।