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वार्षिक फीस न देने पर रोका बच्चों का रिजल्ट, अभिभावकों ने किया हंगामा

Fri, 04 Mar 2022 01:56 AM IST
Mohali Bureau मोहाली ब्‍यूरो
Updated Fri, 04 Mar 2022 01:56 AM IST
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Results of children stopped for not paying annual fees, parents created a ruckus
जीरकपुर। शहर की पटियाला रोड पर स्थित नाभा साहिब गांव के होली फैमिली स्कूल के बाहर वीरवार को अभिभावकों ने उस समय हंगामा कर दिया, जब स्कूल प्रबंधन ने वार्षिक फीस 7500 रुपये न देने पर बच्चों का रिजल्ट रोक दिया। रिजल्ट रोकने की जानकारी मिलते ही अभिभावक भड़क गए। अभिभावकों का आरोप है कि स्कूल प्रबंधन उन पर जबरन वार्षिक फीस देने के लिए दबाव बना रहा है और बच्चों का रिजल्ट नहीं दे रहा है। इसके बाद अभिभावकों ने स्कूल के बाहर जमा होकर स्कूल प्रबंधन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
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अभिभावकों ने कहा कि अगर वह अपने बच्चों को दूसरे स्कूल में दाखिल कराना चाहते हैं तो भी ट्रांसफर सर्टिफिकेट देने से पहले उन्हें वार्षिक फीस देने को कहा जा रहा है। उन्होंने कहा कि वे लगातार मासिक फीस दे रहे हैं। इसके अलावा स्कूल प्रबंधन वार्षिक फीस भी मांग रहा है। उन्होंने कहा कि जब शिक्षा सत्र 2021-22 में कोरोना के चलते एक भी दिन स्कूल में क्लास नहीं लगी तो वार्षिक फीस किस बात की। स्कूल प्रबंधन ने कहा कि स्कूल ने वार्षिक फीस में किसी तरह की बढ़ोतरी नहीं की है। कोर्ट के निर्देशों के मुताबिक ही फीस मांगी जा रही है। कुछ अभिभावक यह फीस न देकर पैसे बचाने के लिए हंगामा कर रहे हैं। स्कूल कोरोना के दौरान भी स्कूल टीचर्स को सैलरी देता आ रहा है और बाकी खर्चे भी होते रहे हैं। वार्षिक फीस नहीं देने पर स्कूल का बजट गड़बड़ा रहा है।
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इस मौके पर प्रदर्शन कर रहे गुरविंदर सिंह, नीरज कुमार, सुखविंदर सिंह, जनप्रीत सिंह, सरबजीत सिंह, जतिंदर सिंह, हरबिंदर सिंह, सौरव किशोर, जसवीर सिंह, हरजीत कौर, रजनी, प्रवीण, रजवंत कौर, राजविंदर कौर व अन्य अभिभावकों ने कहा कि कोरोना की वजह से ऑनलाइन पढ़ाई सिर्फ 200 से 250 दिन हुई। इसके बदले स्कूल को हर महीने फीस दे चुके हैं। अब रिजल्ट आया तो वार्षिक फीस के नाम पर 7500 रुपये और मांगे जा रहे हैं।
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इस बारे में उन्होंने एसडीएम डेराबस्सी स्वाति टिवाणा से संपर्क किया तो उन्होंने एक नोडल अफसर को स्कूल में भेजा। लेकिन स्कूल प्रबंधन ने उनकी बात सुनने को भी गेट नहीं खोला। एसडीएम के निर्देश पर पुलिस कर्मचारी स्कूल में पहुंचे और स्कूल प्रबंधन से वार्षिक फीस के कोर्ट ऑर्डर दिखाने को कहा। इसके बाद स्कूल प्रबंधन को एसडीएम ने बच्चों का रिजल्ट ऑनलाइन जानी करने का आदेश दिया और कहा कि वार्षिक फीस के कारण बच्चों का रिजल्ट नहीं रोक सकते।

स्कूलों पर होगी नियमानुसार कार्रवाई
अभिभावकों की ओर से हमें स्कूल प्रबंधन के खिलाफ शिकायत आई थी। इससे पहले भी इसी तरह की कई शिकायतें आई हैं। इसलिए सभी स्कूलों के लिए आदेश जारी कर दिए गए हैं। अगर कोई भी स्कूल बच्चों के रिजल्ट देने के एवज में वार्षिक शुल्क मांगता है तो उसके खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। -स्वाति टिवाणा, एसडीएम, डेराबस्सी।
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