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Mohali News: पंजाब शिक्षा बोर्ड कर्मचारियों की कलम छोड़ हड़ताल, डीए जारी करने की मांग
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मोहाली। पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड के कर्मचारियों ने मंगलवार को कलम छोड़ हड़ताल की। यह प्रदर्शन पंजाब सरकार द्वारा लंबित महंगाई भत्ता (डीए) जारी न किए जाने के विरोध में किया गया। सांझा मुलाजिम मंच पंजाब के आह्वान पर बोर्ड कर्मचारियों ने कामकाज ठप रखकर रोष जताया।
कर्मचारियों ने काले बैज लगाए और काले कपड़े पहनकर सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। इस दौरान कंप्यूटर भी बंद रखे गए। पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड कर्मचारी एसोसिएशन के महासचिव परमजीत सिंह बैनीपाल ने कहा, सरकार कर्मचारियों का जायज हक नहीं दे रही है। जब तक लंबित डीए जारी नहीं किया जाता, कर्मचारियों का संघर्ष जारी रहेगा। उन्होंने पुरानी पेंशन योजना बहाल करने और कच्चे कर्मचारियों को पक्का करने की भी मांग की। प्रदर्शन के दौरान कर्मचारी नेताओं ने मोहनजीत सिंह शेरों पर कथित पुलिस कार्रवाई का भी विरोध किया।
आगामी आंदोलन और अन्य मुद्दे
कर्मचारी नेता ने कहा कि सरकारें पांच साल के लिए चुनी जाती हैं, जबकि कर्मचारी करीब 58 साल की उम्र तक पंजाब सरकार की सेवा करते हैं। सांझा मुलाजिम मंच ने 12 सितंबर को मंत्रियों के घरों के घेराव का कार्यक्रम दिया है, जिसमें बोर्ड के कर्मचारी भी शामिल होंगे। बैनीपाल ने विधायकों की पेंशन में बढ़ोतरी पर भी सवाल उठाए, जबकि कर्मचारियों को पुरानी पेंशन का लाभ नहीं मिल रहा है। उन्होंने कर्मचारी नेताओं सुखचैन सिंह खैहरा और सुशील कुमार के हालिया तबादलों पर भी आपत्ति जताई। बैनीपाल ने सरकार से अपील की कि वह कर्मचारियों की मांगों को प्राथमिकता के आधार पर हल करे, अन्यथा आंदोलन तेज किया जाएगा।
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कर्मचारियों ने काले बैज लगाए और काले कपड़े पहनकर सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। इस दौरान कंप्यूटर भी बंद रखे गए। पंजाब स्कूल शिक्षा बोर्ड कर्मचारी एसोसिएशन के महासचिव परमजीत सिंह बैनीपाल ने कहा, सरकार कर्मचारियों का जायज हक नहीं दे रही है। जब तक लंबित डीए जारी नहीं किया जाता, कर्मचारियों का संघर्ष जारी रहेगा। उन्होंने पुरानी पेंशन योजना बहाल करने और कच्चे कर्मचारियों को पक्का करने की भी मांग की। प्रदर्शन के दौरान कर्मचारी नेताओं ने मोहनजीत सिंह शेरों पर कथित पुलिस कार्रवाई का भी विरोध किया।
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आगामी आंदोलन और अन्य मुद्दे
कर्मचारी नेता ने कहा कि सरकारें पांच साल के लिए चुनी जाती हैं, जबकि कर्मचारी करीब 58 साल की उम्र तक पंजाब सरकार की सेवा करते हैं। सांझा मुलाजिम मंच ने 12 सितंबर को मंत्रियों के घरों के घेराव का कार्यक्रम दिया है, जिसमें बोर्ड के कर्मचारी भी शामिल होंगे। बैनीपाल ने विधायकों की पेंशन में बढ़ोतरी पर भी सवाल उठाए, जबकि कर्मचारियों को पुरानी पेंशन का लाभ नहीं मिल रहा है। उन्होंने कर्मचारी नेताओं सुखचैन सिंह खैहरा और सुशील कुमार के हालिया तबादलों पर भी आपत्ति जताई। बैनीपाल ने सरकार से अपील की कि वह कर्मचारियों की मांगों को प्राथमिकता के आधार पर हल करे, अन्यथा आंदोलन तेज किया जाएगा।
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