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टीडीआई में सड़कों पर फैले सीवरेज से परेशान लोगों ने दिया धरना
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मोहाली। सेक्टर-117 स्थित टीडीआई सिटी रेजिडेंट्स एसोसिएशन के बैनर तले सेक्टर को बसाने वाली रियल एस्टेट कंपनी की ओर से लोगों को मूलभूत सुविधाएं नहीं दी जा रही। यहां की सड़कों पर सीवरेज की गंदगी फैली है और सप्लाई हो रहा गंदा पानी पीने के लायक हीं नहीं है। इसके अलावा यहां की सड़कें भी खराब हालत में हैं। इस संबंधी कई बार शिकायत करने के बावजूद न तो कंपनी और न ही गमाडा लोगों की सुनवाई नहीं कर रहा। इससे परेशान होकर यहां के लोगों ने शनिवार को कंपनी के खिलाफ दफ्तर के बाहर अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया है। यह धरना रोजाना सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक लगाया जाएगा। वहीं, एसोसिएशन ने साफ कहा है कि अगर अब भी बिल्डर ने उनकी समस्याओं का समाधान नहीं किया तो संघर्ष को ओर तेज कर दिया जाएगा। इसके साथ ही आगे चलकर गमाडा और डीसी दफ्तर के सामने भूख हड़ताल शुरू कर दी जाएगी।
एसोसिएशन के प्रधान एचपी सिंह ने बताया कि काफी समय से इलाके के लोगों की मांग पर कंपनी द्वारा कार्यवाही नहीं की जा रही है। यहां सुविधाएं नहीं मिलने से लोगों को नर्क जैसी जिंदगी व्यतीत करनी पड़ रही है। सभी ने लाखों रुपये खर्च करके यहां अपने मकान बनाए हैं। लेकिन वह यहां पर परेशानी झेल रहे हैं। एक संस्था के उप प्रधान संजीव सोनी ने बताया कि वह पिछले कई साल से सोसाइटी की समस्याओं को लेकर गमाडा को शिकायत लिख रहे हैं। लेकिन अभी तक उचित कार्यवाही नहीं की गई। उन्होंने कहा कि सोसायटी को विकसित करने वाली रियल स्टेट कंपनी की ओर से इलाके में रहते लोगों की शिकायतों और विकास कार्यों की ओर कतई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। इससे इलाके के लोगों को काफी परेशानी आ रही है।
यहां मकानों के सीवरेज को सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट के साथ भी नहीं जोड़ा गया। इस कारण सीवरेज पिछले लंबे समय से सड़कों पर ओवरफ्लो हो रहा है। इस कारण इलाके में कोई भी भयानक बीमारी फैलने का डर यहां के निवासियों को सता रहा है जो कि सबसे बड़ी समस्या है। यहां पर सप्लाई हो रहा पीने का पानी भी पीने लायक नहीं है। बरसात के दिनों में लोगों के घरों के आगे पानी कई दिनों तक जमा रहता है और कई जगह पर तो रास्ता तक बंद हो जाता है। इससे सेक्टर की सड़कों की हालत भी खस्ता हो चुकी है। कंपनी हर महीने लोगों से सोसायटी में मरम्मत के लिए खर्च लेती है, इसके बावजूद बिल्डर द्वारा एक भी काम नहीं करवाया जा रहा है। यहां की स्ट्रीट लाइटें, सिक्योरिटी गार्ड्स, सफाई कर्मी, पार्कों की सफाई, बिजली की नंगी तारें और कूड़े के प्रबंध के लिए कोई इंतजाम नहीं किया गया।
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एसोसिएशन के प्रधान एचपी सिंह ने बताया कि काफी समय से इलाके के लोगों की मांग पर कंपनी द्वारा कार्यवाही नहीं की जा रही है। यहां सुविधाएं नहीं मिलने से लोगों को नर्क जैसी जिंदगी व्यतीत करनी पड़ रही है। सभी ने लाखों रुपये खर्च करके यहां अपने मकान बनाए हैं। लेकिन वह यहां पर परेशानी झेल रहे हैं। एक संस्था के उप प्रधान संजीव सोनी ने बताया कि वह पिछले कई साल से सोसाइटी की समस्याओं को लेकर गमाडा को शिकायत लिख रहे हैं। लेकिन अभी तक उचित कार्यवाही नहीं की गई। उन्होंने कहा कि सोसायटी को विकसित करने वाली रियल स्टेट कंपनी की ओर से इलाके में रहते लोगों की शिकायतों और विकास कार्यों की ओर कतई ध्यान नहीं दिया जा रहा है। इससे इलाके के लोगों को काफी परेशानी आ रही है।
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यहां मकानों के सीवरेज को सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट के साथ भी नहीं जोड़ा गया। इस कारण सीवरेज पिछले लंबे समय से सड़कों पर ओवरफ्लो हो रहा है। इस कारण इलाके में कोई भी भयानक बीमारी फैलने का डर यहां के निवासियों को सता रहा है जो कि सबसे बड़ी समस्या है। यहां पर सप्लाई हो रहा पीने का पानी भी पीने लायक नहीं है। बरसात के दिनों में लोगों के घरों के आगे पानी कई दिनों तक जमा रहता है और कई जगह पर तो रास्ता तक बंद हो जाता है। इससे सेक्टर की सड़कों की हालत भी खस्ता हो चुकी है। कंपनी हर महीने लोगों से सोसायटी में मरम्मत के लिए खर्च लेती है, इसके बावजूद बिल्डर द्वारा एक भी काम नहीं करवाया जा रहा है। यहां की स्ट्रीट लाइटें, सिक्योरिटी गार्ड्स, सफाई कर्मी, पार्कों की सफाई, बिजली की नंगी तारें और कूड़े के प्रबंध के लिए कोई इंतजाम नहीं किया गया।
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