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पहले 50 से 60 और अब 5-10 फीसदी कटौती पर अलॉट किए जा रहे टेंडर

Sat, 26 Jun 2021 02:12 AM IST
Mohali Bureau मोहाली ब्‍यूरो
Updated Sat, 26 Jun 2021 02:12 AM IST
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Fifty to 60 less allotment of tender
जीरकपुर। हलका विधायक एनके शर्मा ने जीरकपुर में सरकारी विकास कार्यों के लिए भरे जाने वाले नगर परिषद के ई-टेंडर पर सवाल उठाया है। उनका आरोप है कि पहले जहां 50 से 60 फीसदी कटौती पर टेंडर अलॉट होते थे, अब वहीं टेंडर 5 से 10 फीसदी कटौती के साथ अपने चहेते ठेकेदारों को अलॉट किए जा रहे हैं।
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शुक्रवार को प्रेसवार्ता के दौरान नगर परिषद के कांग्रेसी प्रधान उदयवीर सिंह ढिल्लों पर निशाना साधते हुए विधायक एनके शर्मा ने कहा कि राजपुरा की दि नरड़ू को-ऑपरेटिव एलएंडसी सोसायटी लिमिटेड ने करीब 32 फीसदी कम दर पर टेंडर भरा था, लेकिन उनके कागज रिजेक्ट कर दिए गए हैं। उन्होंने बताया कि कांग्रेस की धक्केशाही का शिकार हुए एक ठेकेदारों ने अपने कागज रिजेक्ट होने के बाद लोकल बॉडीज मंत्री पंजाब, डायरेक्टर लोकल बॉडी, चीफ सेक्रेटरी लोकल बॉडीज पंजाब, सेक्रेटरी लोकल पंजाब, सीबीओ लोकल बॉडीज पंजाब और स्टेट विजिलेंस को शिकायत कर मामले की उच्च स्तरीय जांच की मांग की है।
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यह है मामला
125 सरकारी विकास कार्यों के लिए कई ठेकेदारों ने ई-टेंडर (ऑनलाइन प्रक्रिया) से भरा था। 2 जून शाम 5 बजे तक दस्तावेज जमा करवाने का अंतिम दिन था। शर्मा का आरोप है कि टेक्निकल बिड खोलने की तारीख 3 जून सुबह 11 बजे की थी, जबकि 4 जून को सुबह 11 बजे फाइनेंशियल बिड ओपन होनी थी, जिसे अभी तक भी ओपन नहीं किया गया है।
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20 दिन बाद भी फाइनेंशियल बिड नहीं खोली, लगाया सर्वर डाउन का बहाना
विधायक एनके शर्मा का आरोप है कि जब परिषद के एमई मुकेश राय से फाइनेंशियल बिड नहीं खोले जाने का कारण पूछा तो उनका जवाब था कि सर्वर डाउन है। हैरानी की बात यह है कि 20 दिन से नगर परिषद का सर्वर डाउन चल रहा है। शर्मा का आरोप है कि ई-टेंडर पोर्टल को कुछ देर के लिए खोला जाता है और जिन ठेकेदारों से पैसे लिए जा चुके हैं, उन्हें टेंडर अलॉट करने के उपरांत उस पोर्टल को दोबारा बंद कर दिया जाता है।
फंड एकत्रित करने का लगाया आरोप
एनके शर्मा ने आरोप लगाते हुए कहा कि नगर परिषद जहां लाखों रुपये के एस्टीमेट पास कर टेंडर अलॉट कर रही है, वहीं उसी काम के नाम पर लोगों और समाज सेवी संस्थाओं से भी बाहर फंड इकठ्ठा किया जा रहा हैं। शर्मा ने चेतावनी दी है कि अगर मामले को उच्च स्तरीय जांच नहीं की गई तो वह तीनों कमेटियों के बाहर धरना देंगे और हाईकोर्ट में कमेटी अधिकारियों को चैलेंज करेंगे।
ई-टेंडर पर परिषद प्रधान से बात करें
ई-टेंडर और पुल के संबंध में नगर परिषद के प्रधान से बात करें। रहा सवाल टेंडर खुलने का तकनीकि कारणों के कारण अभी कामों के टेंडर नहीं खोले जा सके हैं, जल्द ही टेंडर खुल जाएंगे। - मुकेश राय, एमई, नगर परिषद।

टेक्निकल कमी के कारण हुए रिजेक्ट
ठेकेदारों ने अपनी मर्जी से टेंडर डाले हैं। जिसके टेंडर टेक्निकल कमी के कारण रिजेक्ट हुए हैं चाहे वो लेस पर हों या फुल रेट पर, उसे पास नहीं किया जा सकता। नाभा साहिब में 4 टेंडर खुले थे, जिसमें एक व्यक्ति ने 67 फीसदी लेस पर टेंडर डाला था, लेकिन टेक्निकल कोरम पूरा न होने की वजह से टेंडर रद्द हो गया था, जिसे दोबारा रिकॉल किया जाएगा।
- उदयवीर सिंह ढिल्लों, प्रधान, नगर परिषद, जीरकपुर ।
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