दो महीने का वेतन न मिलने से गुस्साए नगर निगम कर्मचारियों ने बुधवार को खाली टीन और थालियां बजाकर निगम एडिशनल कमिश्नर दफ्तर के बाहर प्रदर्शन किया। इससे पहले कर्मचारियों ने निगम के गेट पर लगातार नारेबाजी की और फिर एडिशनल कमिश्नर दफ्तर के सामने थालियां और टीन लेकर पहुंचे। एडिशनल कमिश्नर अजय सूद ने कर्मचारियों से बात की कि आश्वासन देकर प्रदर्शन बंद करवाया।
म्यूनिसिपल वर्कर यूनियन अध्यक्ष अश्वनी शर्मा, अखिल भारतीय सफाई मजदूर यूनियन अध्यक्ष रमेश कट्टोके नेतृत्व में प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों ने कहा कि दो महीने से वेतन नहीं मिलने से हर कर्मचारी व उसका परिवार परेशान है, बच्चों की फीस, लोन की किस्त समेत सभी काम प्रभावित हैं। कर्मचारी तीन दिन से गेट पर प्रदर्शन कर रहे हैं लेकिन एडिशनल कमिश्नर सूद ने दफ्तर में होने के बावजूद गेट पर आकर कर्मचारियों को आश्वासन नहीं दिया। उन्होंने कहा कि कमिश्नर और एडिशनल कमिश्नर की ओर से वेतन जारी करने संबंधी कोई पहल नहीं की गई। इसके चलते उन्हें एडिशनल कमिश्नर का दफ्तर घेरना पड़ा। एडिशनल कमिश्नर अजय सूद ने वेतन जारी करने के लिए कर्मचारियों से सात दिन की मोहलत मांगी। सहमति बनने पर प्रधान अश्वनी शर्मा और रमेश कट्टो ने कहा कि अगर सात दिन में सभी रेगुलर और आउटसोर्स कर्मचारी वेतन जारी न हुए तो शहर में साफ-सफाई से लेकर सभी काम पूर्ण तौर पर बंद कर दिए जाएंगे। इसकी नैतिक जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। प्रदर्शनकारियों में महासचिव नरेश कुमार, महासचिव रमेश दरोगा, दीपक भट्टी, पवन कुमार, सुदेश, पुनीत कुमार, मेहर सिंह, हरीश गुप्ता, दिनेश गुप्ता, श्रवण, सुनील पूंगा, सुनील, गगन, बलदेव, बंटी, सौरभ शामिल थे।