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पंजाब में बढ़ा प्रदूषण का स्तर: इस शहर की हवा सबसे ज्यादा खराब, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने जारी किए आंकड़े
Thu, 22 Oct 2026 10:08 PM IST
शाहिल शर्मा
अमर उजाला ब्यूरो, पटियाला
अमर उजाला ब्यूरो, पटियाला
Published by: शाहिल शर्मा
Updated Thu, 22 Oct 2026 10:08 PM IST
सार
दशहरे के बाद पंजाब में प्रदूषण का स्तर बढ़ गया है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने राज्य के विभिन्न शहरों के एक्यूआई के आंकड़े जारी किए हैं।
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जालंधर में बढ़ा प्रदूषण का स्तर
- फोटो : सांकेतिक तस्वीर
विस्तार
पंजाब के शहरों में वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) में अंतर दर्ज किया गया। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के बुलेटिन के अनुसार, जालंधर में एक्यूआई 131 रहा, जो सूचीबद्ध शहरों में सबसे अधिक है। बठिंडा में 124, मंडी गोबिंदगढ़ में 122 और लुधियाना में 113 एक्यूआई दर्ज किया गया। अमृतसर और पटियाला में यह 97, खन्ना में 71 और रूपनगर में 54 रहा।
एक्यूआई के स्वास्थ्य मानकों के अनुसार, 101 से 200 तक की श्रेणी मध्यम मानी जाती है। इस स्तर पर अस्थमा, फेफड़ों और हृदय संबंधी बीमारियों से पीड़ित लोगों को सांस लेने में परेशानी हो सकती है। ऐसे में जालंधर, बठिंडा, मंडी गोबिंदगढ़ और लुधियाना में इन मरीजों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। 51 से 100 तक का एक्यूआई संतोषजनक श्रेणी में आता है, हालांकि संवेदनशील लोगों को इस स्तर पर भी मामूली परेशानी हो सकती है।
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एक्यूआई के स्वास्थ्य मानकों के अनुसार, 101 से 200 तक की श्रेणी मध्यम मानी जाती है। इस स्तर पर अस्थमा, फेफड़ों और हृदय संबंधी बीमारियों से पीड़ित लोगों को सांस लेने में परेशानी हो सकती है। ऐसे में जालंधर, बठिंडा, मंडी गोबिंदगढ़ और लुधियाना में इन मरीजों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। 51 से 100 तक का एक्यूआई संतोषजनक श्रेणी में आता है, हालांकि संवेदनशील लोगों को इस स्तर पर भी मामूली परेशानी हो सकती है।
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